Class 7 Hindi Malhar Chapter 1 Question Answer माँ, कह एक कहानी
Explore theseMalhar Hindi Book Class 7 Solutionsand Class 7th Hindi Malhar Chapter 1 माँ, कह एक कहानी Question Answer to test your grasp of the chapter content.
माँ, कह एक कहानी Class 7 Question Answer
Class 7 Hindi माँ, कह एक कहानी Question Answer
Malhar Class 7 Chapter 1 Question Answer
पाठ से
मेरी समझ से
(क) नीचे दिए गए प्रश्नों का सबसे सही उत्तर कौन-सा है ? कुछ प्रश्नों के एक से अधिक उत्तर भी हो सकते हैं।
प्रश्न 1.
माँ अपने बेटे को करुणा और न्याय की कहानी क्यों सुनाती है?
(अ) राजाओं की कहानियों से उसका मनोरंजन करने के लिए।
(ब) उसमें सही और गलत की समझ विकसित करने के लिए।
(स) उसे परिवार की विरासत और पूर्वजों के बारे में बताने के लिए।
(द) उसे प्रकृति और जानवरों के बारे में जानकारी देने के लिए।
उत्तर:
(ब) उसमें सही और गलत की समझ विकसित करने के लिए।

प्रश्न 2.
कविता में घायल पक्षी की कहानी का उपयोग किस लिए किया गया है?
(अ) निर्दोष पक्षी के प्रति आखेटक की क्रूरता दिखाने के लिए।
(ब) पिता की वीरता और साहस पर ध्यान दिलाने के लिए।
(स) करुणा और हिंसा के बीच के संघर्ष को दिखाने के लिए।
(द) मित्रता और निष्ठा के महत्त्व को उजागर करने के लिए।
उत्तर:
(स) करुणा और हिंसा के बीच के संघर्ष को दिखाने के लिए।
प्रश्न 3.
कविता के अंत तक पहुँचते-पहुँचते बच्चे को क्या समझ में आने लगता है?
(अ) न्याय सदैव करुणा के साथ होना चाहिए।
(ब) र्णय लेते समय सदैव निडर रहना चाहिए।
(स) आखेटकों का सदैव विरोध करना चाहिए।
(द) जानवरों की हर स्थिति में रक्षा करनी चाहिए।
उत्तर:
(अ) न्याय सदैव करुणा के साथ होना चाहिए।
(ख) हो सकता है कि आपके समूह के साथियों ने अलग-अलग उत्तर चुने हों। अपने मित्रों के साथ चर्चा कीजिए कि आपने ये उत्तर ही क्यों चुने?
उत्तर:
हमने ऊपर दिये गये उत्तर इसलिए चुने हैं, क्योंकि—

- इस कविता का उद्देश्य पुत्र का मनोरंजन करने के साथ उसमें सही-गलत का निर्णय लेने की क्षमता का विकास करना है।
- इस कविता में घायल पक्षी की कहानी का उपयोग इसलिए किया गया है कि पुत्र को जीव दया का महत्त्व समझाते हुए उसे करुणा युक्त दयालु बनाया जा सके।
- कहानी सुनाते हुए अन्त में माँ बच्चे से पूछती हैं कि न्याय किसके पक्ष में होना चाहिए? तो वह कहता है कि मारने वाले से बचाने वाला महान् होता है इसलिए न्याय सदैव करुणा के साथ होना चाहिए।
मिलकर करें मिलान
इस पाठ में आपने माँ और पुत्र के बीच की बातचीत को एक कविता के रूप में पढ़ा है। इस कविता में माँ अपने पुत्र को पिता की कहानी सुना रही हैं। क्या आप जानते हैं कि ये माँ, पुत्र और पिता कौन हैं? अपने समूह में इन पर चर्चा कीजिए और उन्हें पहचानकर सुमेलित कीजिए। इसके लिए आप शब्दकोश, इंटरनेट या अपने शिक्षकों की सहायता ले सकते हैं।
उत्तर:


पंक्तियों पर चर्चा
पाठ में से चुनकर कुछ पंक्तियाँ नीचे दी गई हैं। इन्हें ध्यान से पढ़िये और इन पर विचार कीजिए। आपको इनका क्या अर्थ समझ में आया? अपने विचार अपने समूह में साझा कीजिए और लिखिए—
(क) “कोई निरपराध को मारे,
तो क्यों अन्य उसे न उबारे?
रक्षक पर भक्षक को वारे,
न्याय दया का दानी!”
अर्थ – अगर कोई व्यक्ति किसी निर्दोष जीव को मार रहा हो तो दूसरा व्यक्ति उस जीव को क्यों न बचाए? रक्षा करने वाला दयालु होता है इसलिए उस पर मारने वाले को वार सकते हैं। न्याय दयापूर्वक बचाने वाले के पक्ष में होना चाहिए।
(ख) “हुआ विवाद सदय निर्दय में,
उभय आग्रही थे स्वविषय में,
गई बात तब न्यायालय में,
सुनी सभी ने जानी।”
अर्थ — दयालु सिद्धार्थ और निर्दयी आखेटक के मध्य हंस को प्राप्त करने के लिए विवाद आरम्भ हो गया। दोनों ही अपने-अपने पक्ष पर अड़े हुए थे, तब निर्णय के लिए बात अदालत में पहुँची इसलिए सभी ने बात सुनी और जानी तथा इस प्रकरण की चर्चा सर्वत्र फैल गयी।
सोच-विचार के लिए
कविता को एक बार फिर से पढ़िए, पता लगाइए और लिखिए—
(क) आपके विचार से इस कविता में कौन-सी पंक्ति सबसे महत्त्वपूर्ण है? आप उसे ही सबसे महत्त्वपूर्ण क्यों मानते हैं?
उत्तर:
“न्याय दया का दानी!” पंक्ति कविता की सबसे महत्त्वपूर्ण पंक्ति है। यह पंक्ति कविता का मुख्य संदेश देती है। न्याय सदा करुणा के साथ होना चाहिए। राहुल इस पंक्ति में अपनी समझ व्यक्त करता है कि निर्दोष की रक्षा करना और दया के साथ न्याय करना ही उचित है।
(ख) आखेटक और बच्चे के पिता के बीच तर्क-वितर्क क्यों हुआ था?
उत्तर:
आखेटक और बच्चे के पिता के मध्य एक घायल हंस को लेकर तर्क-वितर्क हुआ था। आखेटक ने तीर मारकर हंस का शिकार किया था और बच्चे के पिता ने उसे बचाया था।
(ग) माँ ने पुत्र से “राहुल, तू निर्णय कर इसका ” क्यों कहा?
उत्तर:
माँ ने पुत्र से “राहुल, तू निर्णय कर इसका” इसलिए कहा ताकि वह सही और गलत के बीच अंतर करना सीख सके और न्यायपूर्ण निर्णय लेने की क्षमता विकसित कर सके।
(घ) यदि कहानी में आप उपवन में होते तो घायल हंस की सहायता के लिए क्या करते? आपके अनुसार न्याय कैसे किया जा सकता था?
उत्तर:
यदि मैं उपवन में होता तो घायल हंस की सहायता के लिए उसके पंख साफ करता और उसका उपचार करता। आखेटक और सिद्धार्थ की बात सुनकर सिद्धार्थ का पक्ष लेता और यह निर्णय करता कि आखेटक ने हंस की हत्या करने का प्रयास किया था और सिद्धार्थ ने हंस पर दया करके उसे बचाने का प्रयास किया इसलिए हंस पर उसे बचाने वाले सिद्धार्थ का अधिकार है। मारने वाले से बचाने वाले का हक अधिक होता है।
(ङ) कविता में माँ और बेटे के बीच बातचीत से उनके बारे में क्या-क्या पता चलता है?
(संकेत- कविता पढ़कर आपके मन में माँ-बेटे के बारे में जो चित्र बनता है, जो भाव आते हैं या जो बातें पता चलती हैं, उन्हें भी लिख सकते हैं।)
उत्तर:
कविता में माँ और बेटे के बीच की बातचीत से उनके संबंधों, माँ का प्रेम, मार्गदर्शन और बेटे के प्रति चिंता उजागर होती है। माँ-बेटे का सम्बन्ध संसार का सबसे पवित्र और अद्वितीय सम्बन्ध है। माँ अपने बेटे को अपनी ममता की छाया में रखती है और प्रेरक कहानियाँ सुनाकर दया, करुणा, न्यायप्रियता आदि मानवीय गुणों के पाठ पढ़ाती है क्योंकि माँ, बेटे की प्रथम गुरु होती है।
अनुमान और कल्पना से
अपने समूह में मिलकर चर्चा कीजिए—
(क) माँ ने अपने बेटे को कहानी सुनाते समय अंत में कहानी को स्वयं पूरा नहीं किया, बल्कि उसी से निर्णय करने के लिए कहा। यदि आप किसी को यह कहानी सुना रहे होते तो कहानी को आगे कैसे बढ़ाते?
उत्तर:
यदि मैं किसी को यह कहानी सुना रहा होता तो कहानी को इस प्रकार आगे बढ़ाता—विवाद न्यायालय में पहुँचा, वहाँ न्यायाधीश ने कहा, न्याय में दया सम्मिलित होती है। न्याय मारने वाले के स्थान पर बचाने वाले का पक्ष लेता है। इसलिए जीत सिद्धार्थ की होती है, क्योंकि उन्होंने एक जीव की प्राण-रक्षा की है।
(ख) मान लीजिए कहानी में हंस और आखेटक के बीच बातचीत हो रही है। कल्पना से बताइए कि जब उसने हंस को तीर से घायल किया तो उसमें और हंस में क्या-क्या बातचीत हुई होगी? उन्होंने एक-दूसरे को क्या- क्या तर्क दिये होंगे?
उत्तर:
जब आखेटक ने हंस को तीर से घायल किया तो हंस और आखेटक में निम्न प्रकार बातचीत हुई होगी- हंस- तुमने मुझ निर्दोष को क्यों घायल किया? यह तुमने अच्छा नहीं किया।
आखेटक – मैं तो आखेटक हूँ, आखेट करना मेरा काम है। और वही मैंने किया है।
हंस – तुम्हें जीव हिंसा के स्थान पर जीव दया करनी चाहिए। आखेटक यदि मैं जीव दया करूँगा तो खाऊँगा क्या? यह मेरा प्रिय आहार (भोजन) है। हंस- तुम्हें शाकाहारी होना चाहिए।
(ग) मान लीजिए कि माँ ने जो कहानी सुनाई है, आप भी उसके एक पात्र हैं। आप कौन-सा पात्र बनना चाहेंगे? और क्यों?
• तीर चलाने वाला
• पक्षी
• पक्षी को बचाने वाला व्यक्ति
• न्यायाधीश
• कोई अन्य पात्र जो आप कहानी में जोड़ना चाहें।
उत्तर:
मैं इस कहानी का पात्र होता तो पक्षी को बचाने वाला व्यक्ति (रक्षक) बनता क्योंकि मैं निरपराध जीव की हत्या करना उचित नहीं समझता।
संवाद
इस कविता में एक माँ और एक पुत्र का संवाद दिया गया है लेकिन कौन-सा कथन किसने कहा है, यह नहीं बताया गया है। आप कविता में दिए गए संवादों को पहचानिए कि कौन-सा कथन किसने कहा है और उसे दिए गए उचित स्थान पर लिखिए। उदाहरण के लिए, माँ और पुत्र का एक-एक कथन दिया गया है।
उत्तर:


पुत्र द्वारा कहे गये कथन | माँ द्वारा कहे गये कथन |
1. “माँ, कह एक कहानी।” | 1. “बेटा, समझ लिया क्या तूने मुझको अपनी नानी?” |
2. “कहती है मुझसे यह चेटी, तू मेरी नानी की बेटी!” | 2. “तू है हठी मानधन मेरे” |
3. “लहराता था पानी? हाँ, हाँ यही कहानी।” | 3. “राहुल, तू निर्णय कर इसका” |
4. “माँ, मेरी क्या बानी? मैं सुन रहा कहानी।” | 4. “कह दे निर्भय, जय हो जिसका। सुन लूँ तेरी बानी।” |
5. “न्याय दया का दानी!” | 5. “तूने गुनी कहानी।” |
शब्द से जुड़े शब्द
नीचे दिए गए रिक्त स्थानों में प्रकृति से जुड़े शब्द कविता में से चुनकर लिखिए—
उत्तर:


पंक्ति से पंक्ति
नीचे स्तंभ 1 और स्तंभ 2 में कुछ पंक्तियाँ दी गई हैं। मिलती-जुलती पंक्तियों को रेखा खींचकर मिलाइए—
उत्तर:


कविता की रचना
“राजा था या रानी?
राजा था या रानी?
माँ, कह एक कहानी।”
इन पंक्तियों पर ध्यान दीजिए। इन पंक्तियों की तरह इस पूरी कविता में अनेक स्थानों पर कुछ पंक्तियाँ दो बार आई हैं। इस कारण कविता में पाठक को माँ-बेटे की बातचीत और अच्छी तरह समझ में आ जाती है। इससे कविता के सौंदर्य में भी वृद्धि हुई है।
आप ध्यान देंगे तो इस कविता में आपको ऐसी अनेक विशेषताएँ दिखाई देंगी (जैसे— कविता में माँ-बेटे का संवाद दिया गया है जिसे ‘संवादात्मक शैली’ कहते हैं;
प्रकृति और कार्यों आदि का वर्णन किया गया है जिसे ‘वर्णनात्मक शैली’ कहा जाता है)
(क) इस कविता को एक बार पुनः पढ़िए और अपने समूह में मिलकर इस कविता की विशेषताओं की सूची बनाइए। अपने समूह की सूची को कक्षा में सबके साथ साझा कीजिए।
उत्तर:
कविता की विशेषताओं की सूची-
- संवाद दिए गए हैं।
- पंक्ति के अंतिम शब्द की ध्वनि आपस में मिलती-जुलती है।
- कुछ शब्द दो बार और साथ- साथ आए हैं।
- कुछ विपरीतार्थक शब्द साथ-साथ आए हैं।
- प्रकृति का वर्णन किया गया है।
- एक ही वर्ण से शुरू होने वाले एक से अधिक शब्द एक ही पंक्ति में आए हैं।
- प्रश्न-उत्तर दिए गए हैं।
- शब्द की वर्तनी बदलकर उपयोग किया गया है।
(ख) नीचे इस कविता की कुछ विशेषताएँ और वे पंक्तियाँ दी गई हैं जिनमें वे विशेषताएँ दिखाई देती हैं। विशेषताओं का सही पंक्तियों से मिलान कीजिए। आप कविता की पंक्तियों में एक से अधिक विशेषताएँ भी ढूँढ़ सकते हैं।

उत्तर:
कविता की विशेषताएँ | कविता की पंक्तियाँ |
1. संवाद दिए गए हैं। | III. बेटा, समझ लिया क्या तूने मुझको अपनी नानी? कहती है मुझसे यह चेटी, तू मेरी नानी की बेटी! |
2. पंक्ति के अंतिम शब्द की ध्वनि आपस में मिलती-जुलती है। | IV. तू है हठी मानधन मेरे, सुन, उपवन में बड़े सबेरेVI. वर्ण वर्ण के फूल खिले थे, झलमल कर हिम- बिंदु झिले थे, हलके झोंके हिले-मिले थे, लहराता था पानी। |
3. कुछ शब्द दो बार और साथ-साथ आए हैं। | IV. तू है हठी मानधन मेरे, सुन, उपवन में बड़े सबेरे |
4. कुछ विपरीतार्थक शब्द साथ- साथ आए हैं। | I. हुआ विवाद सदय-निर्दय मेंV. कोमल-कठिन कहानी।VI. वर्ण वर्ण के फूल खिले थे, झलमल कर हिम- बिंदु झिले थे, हलके झोंके हिले-मिले थे, लहराता था पानी। |
5. प्रकृति का वर्णन किया गया है। | VI. वर्ण वर्ण के फूल खिले थे, झलमल कर हिम- बिंदु झिले थे, हलके झोंके हिले-मिले थे, लहराता था पानी। |
6. एक ही वर्ण से शुरू होने वाले एक से अधिक शब्द एक ही पंक्ति में आए हैं। | II. हुई पक्ष की हानि।V. कोमल-कठिन कहानी।VI. वर्ण वर्ण के फूल खिले थे, झलमल कर हिम- बिंदु झिले थे, हलके झोंके हिले-मिले थे, लहराता था पानी। |
7. प्रश्न-उत्तर दिए गए हैं। | III. बेटा, समझ लिया क्या तूने मुझको अपनी नानी? कहती है मुझसे यह चेटी, तू मेरी नानी की बेटी! |
8. शब्द की वर्तनी बदलकर उपयोग किया गया है। | I. हुआ विवाद सदय-निर्दय मेंVI. वर्ण वर्ण के फूल खिले थे, झलमल कर हिम- बिंदु झिले थे, हलके झोंके हिले-मिले थे, लहराता था पानी। |
कविता में विराम चिह्न
“माँ, कह एक कहानी।”
इस पंक्ति में आपको अनेक विराम चिह्न दिखाई दे रहे हैं, जैसे—
• अल्प विराम (,)
• पूर्ण विराम ( |)
• उद्धरण चिह्न (” “)
इस कविता में विराम चिह्नों का बहुत अच्छा प्रयोग किया गया है। विराम चिह्न इस कविता में अनेक कार्य कर रहे हैं, जैसे यह बताना कि—
• कविता पाठ करते समय कहाँ थोड़ा रुकना है (, ), कहाँ अधिक रुकना है (1)
• कौनसी पंक्ति किसने कही है? पुत्र ने या माँ ने (“”) कहाँ प्रश्न पूछा गया है ( ? )
• कौनसी बात आश्चर्य से बोली गई है ( ! )
(क) नीचे कविता का एक अंश बिना विराम चिह्नों के दिया गया है। इसमें उपयुक्त स्थानों पर विराम चिह्न लगाइए-
राहुल तू निर्णय कर इसका-
न्याय पक्ष लेता है किसका
कह दे निर्भय जय हो जिसका
सुन लूँ तेरी बानी
माँ मेरी क्या बानी
मैं सुन रहा कहानी
कोई निरपराध को मारे
तो क्यों अन्य उसे न उबारे
रक्षक पर भक्षक को वारे
न्याय दया का दानी
न्याय दया का दानी
तूने गुनी कहानी
उत्तर:
“राहुल, तू निर्णय कर इसका-
न्याय पक्ष लेता है किसका?
कह दे निर्भय, जय हो जिसका।
सुन लूँ तेरी बानी।”
“माँ, मेरी क्या बानी?
मैं सुन रहा कहानी।
कोई निरपराध को मारे,
तो क्यों अन्य उसे न उबारे?
रक्षक पर भक्षक को वारे,
न्याय दया का दानी!”
‘न्याय दया का दानी ?
तूने गुनी कहानी।”


(ख) अब विराम चिह्नों का ध्यान रखते हुए कविता को अपने समूह में सुनाइए।
उत्तर:
विद्यार्थी स्वयं सुनायेंगे।
पाठ से आगे
आपकी बात
(क) “सुन, उपवन में बड़े सबेरे,
तात भ्रमण करते थे तेरे”,
आप और आपके परिजन भ्रमण के लिए कहाँ-कहाँ जाते हैं और क्यों?
उत्तर:
मैं और मेरे परिजन उद्यान में या नदी किनारे सुबह भ्रमण करने जाते हैं क्योंकि सुबह भ्रमण करने से स्वास्थ्य ठीक रहता है।
(ख) इस पाठ में एक माँ अपने पुत्र को कहानी सुना रही है। आप किस-किस से कहानी सुनते हैं या थे? आप किसको और कौन- सी कहानी सुनाते हैं?
उत्तर:
मैं माँ, दादी, नानी और दादा जी से कहानी सुनता हूँ या था। मैं अपने मित्रों और छोटे भाई-बहनों को राजा- रानी तथा परियों की कहानी सुनाता हूँ।
(ग) माँ ने कहानी सुनाने के बीच में एक प्रश्न पूछ लिया था। क्या कहानी सुनाने के बीच में प्रश्न पूछना सही है। क्यों?
उत्तर:
कहानी के बीच में प्रश्न पूछना सही है क्योंकि इससे कहानी सुनने वाले की मन की जिज्ञासा शान्त होती है और उसे अपने बौद्धिक विकास का अवसर मिलता है।
(घ) कविता में बालक अपनी माँ से बार-बार ‘वही’ कहानी सुनाने की हठ करता है। क्या आपका भी कभी कोई कहानी बार-बार सुनने का मन करता है? अगर हाँ, तो वह कौन-सी कहानी है और क्यों?
उत्तर:
प्रायः बालक बार-बार अपनी सुनी हुई किसी कहानी को ही सुनना चाहते हैं। मेरा भी मन बार-बार बचपन में सुनी हुई पन्ना धाय की कहानी सुनने का करता है क्योंकि इस कहानी में मेवाड़ के उत्तराधिकारी उदयसिंह की रक्षा करने के लिए पन्ना धाय ने अपने पुत्र चंदन को उसकी शय्या पर सुलाकर उसका बलिदान कर दिया था।
निर्णय करें
“राहुल, तू निर्णय कर इसका -”
नीचे कुछ स्थितियाँ दी गई हैं। बताइए कि इन स्थितियों में आप क्या करेंगे?
प्रश्न 1.
खेलते समय आप देखते हैं कि एक मित्र ने भूल से एक नियम तोड़ा है।
उत्तर:
नियम टूटता है तो खेल के नियमानुसार कार्रवाई होनी चाहिए।
प्रश्न 2.
एक सहपाठी को कक्षा में दूसरों द्वारा चिढ़ाया जा रहा है।
उत्तर:
दूसरे सहपाठियों को ऐसा करने से रोकना चाहिए।
प्रश्न 3.
एक समूह परियोजना के बीच एक सहपाठी अपने भाग का कार्य नहीं कर रहा है।
उत्तर:
उसे कार्य करने के लिए प्रेरित करना चाहिए।
प्रश्न 4.
आपके दो मित्रों के बीच एक छोटी-सी बात पर तर्क-वितर्क हो रहा है।
उत्तर:
दोनों की बात ध्यान से सुनकर जिसकी बात सही हो उसकी बात दूसरे मित्र को समझानी चाहिए।
प्रश्न 5.
एक सहपाठी को कुछ ऐसा करने के लिए अनुचित रूप से दंडित किया जा रहा है जिसे उसने नहीं किया।
उत्तर:
सच्चाई सभी के सामने रखकर उस निर्दोष सहपाठी को दण्ड पाने से बचाना चाहिए।
प्रश्न 6.
एक सहपाठी प्रतियोगिता में हार जाने पर उदास है।
उत्तर:
हारे हुए सहपाठी को पुनः प्रयास करने के लिए प्रोत्साहित करना चाहिए।
प्रश्न 7.
कक्षा में चर्चा के बीच एक सहपाठी संकोच कर रहा है और बोलने का अवसर नहीं पा रहा है।
उत्तर:
सहपाठी को संकोच छोड़कर बोलने के लिए कहना चाहिए।
प्रश्न 8.
सहपाठी किसी विषय में संघर्ष कर रहा है और आपसे सहायता माँगता है।
उत्तर:
सहपाठी की सहायता करनी चाहिए।
आज की पहेली
नीचे कुछ पहेलियाँ दी गई हैं। इनके उत्तर आपको कविता में से मिल जाएँगे। पहेलियाँ बूझिए-
पहेली 1
नानी की बेटी है कौन? मामा की बहना है कौन? भार्या है पिता की कौन? भाभी है चाचा की कौन?
उत्तर:
माँ ।

पहेली 2
आसमान में उड़ उड़ जाए, तरह-तरह के गाने गाए, पर फैलाकर करता सैर, दो हैं जिसके पर और पैर।
उत्तर:
पक्षी।
पहेली 3
बागों में जो सुगंध फैलाती, फूल-फूल में बसती गाती, हवा-हवा में घुल-मिल जाए, कौन है जो यह नाम बताए?
उत्तर:
सुरभि।