प्रश्न (ii) बहुभुज ABCDE को विभिन्न भागों में बाँटा गया है जैसा कि आकृति में दर्शाया गया है। यदि AD=8 cm,AH=6 cm,AG=4 cm,AF=3 cm और लंब BF=2 cm,CH=3 cm,EG=2.5 cm तो इसका क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
चित्र: बहुभुज ABCDE का विभाजन
हल- बहुभुज ABCDE का क्षेत्रफल
=△AFB का क्षेत्रफल + समलम्ब FBCH का क्षेत्रफल +△CHD का क्षेत्रफल +△ADE का क्षेत्रफल =21×AF×BF+21×(BF+CH)×FH+21×HD×CH+21×AD×GE
प्रश्न (iii) यदि MP=9 cm,MD=7 cm,MC=6 cm,MB=4 cm,MA=2 cm तो बहुभुज MNOPQR (आकृति देखिए) का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए। NA, OC, QD एवं RB विकर्ण MP पर खींचे गए लम्ब हैं।
चित्र: बहुभुज MNOPQR का विभाजन
हल- बहुभुज MNOPQR का क्षेत्रफल
=△MAN का क्षेत्रफल + समलम्ब ANOC का क्षेत्रफल +△OCP का क्षेत्रफल +△MBR का क्षेत्रफल + समलम्ब RBDQ का क्षेत्रफल +△QDP का क्षेत्रफल =21×MA×AN+21×(AN+CO)×AC+21×CP×CO+21×MB×RB+21×(RB+QD)×BD+21×DP×QD
=21×2×2.5 cm2+21×(2.5+3)×4 cm2+21×3×3 cm2+21×4×2.5 cm2+21×(2.5+2)×3 cm2+21×2×2 cm2 [∵AC=MC−MA=(6−2)=4 cm,CP=MP−MC=(9−6) cm=3 cm,BD=MD−MB=(7−4)=3 cm और DP=MP−MD=(9−7) cm=2 cm]
=(2.5+11+4.5+5+6.75+2) cm2=31.75 cm2
640
सोचिए, चर्चा कीजिए और लिखिए
पृष्ठ 116
प्रश्न- संलग्न आकृति में दर्शाए गए ठोस को बेलन कहना क्यों गलत है?
हल- क्योंकि बेलन की वृत्ताकार सर्वांगसम फलकें होती हैं जो एक-दूसरे के समान्तर होती हैं। इसलिए दिए गए ठोस को बेलन कहना गलत है।
चित्र: Frustum of a cone
पृष्ठ 117प्रयास कीजिए
प्रश्न- निम्नलिखित घनाभों (आकृति देखिए) का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए-
चित्र: Cuboid 1 (6cm x 4cm x 2cm)
चित्र: Cuboid 2 (4cm x 4cm x 10cm)
हल-(i) दिया गया है-
लम्बाई (l)=6 cm, चौड़ाई (b)=4 cm तथा ऊँचाई (h)=2 cm ∴ घनाभ का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल
=2(lb+bh+hl) =2(6×4+4×2+2×6)
=2(24+8+12) =2×44
=88 cm2उत्तर
(ii) दिया गया है- लम्बाई (l)=4 cm, चौड़ाई (b)=4 cm तथा ऊँचाई (h)=10 cm ∴ घनाभ का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल
=2(lb+bh+hl) =2(4×4+4×10+10×4)
=2(16+40+40) =192 cm2उत्तर
सोचिए, चर्चा कीजिए और लिखिए
पृष्ठ 118
प्रश्न 1. क्या हम कह सकते हैं कि घनाभ का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल = पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल + 2× आधार का क्षेत्रफल?
हल- हाँ, हम कह सकते हैं कि घनाभ का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल = पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल + 2× आधार का क्षेत्रफल।
प्रश्न 2. यदि हम किसी घनाभ [आकृति (i)] की ऊँचाई और आधार की लम्बाई को परस्पर बदलकर एक दूसरा घनाभ [आकृति (ii)] प्राप्त कर लें तो क्या पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल बदल जाएगा?
चित्र: Cuboid (i) and (ii) with dimensions l, b, h
(i) (ii)
हल- घनाभ (i) का पार्श्व क्षेत्रफल =2(l+b)h
और घनाभ (ii) का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(h+b)×l स्पष्ट रूप से, ये परिणाम भिन्न हैं। अतः, घनाभ की स्थिति को बदलने से इसका पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल बदल जाता है।
पृष्ठ 119प्रयास कीजिए
प्रश्न- घन A का पृष्ठीय क्षेत्रफल और घन B का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
चित्र: Cube A (10cm) and Cube B (8cm)
A B
हल- घन (A) का पृष्ठीय क्षेत्रफल =6l2
=6(10)2 cm2 =600 cm2उत्तर घन (B) का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(l+l)×l
=2(8+8)×8 cm2 =2×16×8 cm2
=256 cm2उत्तर
सोचिए, चर्चा कीजिए और लिखिए
पृष्ठ 119
प्रश्न (i)b भुजा वाले दो घनों को मिलाकर एक घनाभ बनाया गया है (आकृति)। इस घनाभ का पृष्ठीय क्षेत्रफल क्या है? क्या यह 12b2 है? क्या ऐसे तीन घनों...
को मिलाकर बनाए गए घनाभ का पृष्ठीय क्षेत्रफल 18b2 है? क्यों?
चित्र: Three cubes joined together
(ii) न्यूनतम पृष्ठीय क्षेत्रफल का घनाभ निर्मित करने के लिए समान भुजा वाले 12 घनों को किस प्रकार व्यवस्थित करेंगे?
(iii) किसी घन के पृष्ठीय क्षेत्रफल पर पेंट करने के पश्चात् उस घन को समान विमाओं वाले 64 घनों में काटा जाता है (आकृति)। इनमें से कितने घनों का कोई भी फलक पेंट नहीं हुआ है? कितने घनों का 1 फलक पेंट हुआ है? कितने घनों के 2 फलक पेंट हुए हैं? कितने घनों के तीन फलक पेंट हुए हैं?
चित्र: A large cube made of 64 smaller cubes
हल-(i) यदि दो घन को मिलाने से हमें एक घनाभ मिलता है जिसकी
लम्बाई, L=b+b=2b इकाई चौड़ाई, B=b इकाई ऊँचाई, H=b इकाई ∴ घनाभ का पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(LB+BH+LH)
=2(2b×b+b×b+2b×b) वर्ग इकाई =2(2b2+b2+2b2) वर्ग इकाई =10b2 वर्ग इकाई इसलिए, यह 12b2 नहीं है। यदि तीन घन को क्रम में मिलाया जाये, तब इस प्रकार प्राप्त घनाभ की विमाएँ निम्न होंगी- L=लम्बाई=3b,B=चौड़ाई=b और H=ऊँचाई=b ∴ घनाभ का पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(LB+BH+LH)
=2(3b×b+b×b+3b×b) वर्ग इकाई =2(3b2+b2+3b2) वर्ग इकाई =14b2 वर्ग इकाई इसलिए, यह 18b2 नहीं है।
(ii) बराबर भुजाओं के 12 घनों को मिलाने से निम्न घनाभ प्राप्त होता है-
(a)
चित्र: 12 cubes in a row
इस स्थिति में : l=12b,b=b तथा h=b ∴ इसका पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(12b×b+b×b+12b×b)
=2(12b2+b2+12b2)=50b2
(b)
चित्र: 6x2 cubes arrangement
इस स्थिति में : l=6b,b=b तथा h=2b ∴ इसका पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(6b×b+b×2b+6b×2b)
=2(6b2+2b2+12b2)=40b2
(c)
चित्र: 4x3 cubes arrangement
इस स्थिति में : l=4b,b=b तथा h=3b ∴ इसका पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(4b×b+b×3b+4b×3b)
=2(4b2+3b2+12b2)=38b2
अतः, सबसे कम पृष्ठीय क्षेत्रफल के लिए घनों को, जैसा कि (c) में दर्शाया गया है, व्यवस्थित किया जा सकता है।
(iii) उन घनों की संख्या जिनकी एक भी फलक पेंट नहीं की हुई है =16 उन घनों की संख्या जिनकी एक फलक पेंट की हुई है =24 उन घनों की संख्या जिनकी दो फलक पेंट की हुई हैं =16 उन घनों की संख्या जिनकी तीन फलकें पेंट की हुई हैं =8
पृष्ठ 121 | प्रयास कीजिए
प्रश्न-निम्नलिखित बेलनों का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए-
चित्र: Cylinder (i) r=7cm, h=8cm | Cylinder (ii) d=2m, h=2m
हल-(i) यहाँ, r=14 cm और h=8 cm
कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल =2πrh+2πr2
=(2×722×14×8+2×722×14×14)cm2 =(704+1232)cm2=1936 cm2 उत्तर
(ii) यहाँ, r=22 m=1 m तथा h=2 m कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल =2πrh+2πr2
=(2×722×1×2+2×722×1×1)m2
642
=(788+744)m2=7132m2 =1876m2 उत्तर
सोचिए, चर्चा कीजिए और लिखिए
पृष्ठ 121
प्रश्न- नोट कीजिए कि किसी बेलन का पार्श्व पृष्ठीय (वक्र पृष्ठीय) क्षेत्रफल, आधार की परिधि × बेलन की ऊँचाई के समान होता है। क्या हम घनाभ के पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल को आधार का परिमाप × घनाभ की ऊँचाई के रूप में लिख सकते हैं?
हल- हम जानते हैं कि घनाभ का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल
=2(l+b)×h =आधारकापरिमाप×ऊँचाई
चित्र: घनाभ का चित्र
इस प्रकार, हम एक घनाभ के पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल को आधार का परिमाप × घनाभ की ऊँचाई के रूप में लिख सकते हैं।
पृष्ठ 124
प्रश्न- समान आकार (प्रत्येक घन की लम्बाई समान) वाले 36 घन लीजिए, एक घनाभ बनाने के लिए उन्हें व्यवस्थित कीजिए। आप इन्हें अनेक रूपों में व्यवस्थित कर सकते हैं। निम्नलिखित सारणी पर विचार कीजिए और रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए-
घनाभ
लम्बाई
चौड़ाई
ऊँचाई
l×b×h=V
(i)
चित्र: 12x3x1 घनाभ
| 12 | 3 | 1 | 12×3×1=36 | | (ii)
चित्र: 6x3x2 घनाभ
| .... | .... | .... | .... | | (iii)
चित्र: 9x1x4 घनाभ
| .... | .... | .... | .... | | (iv)
चित्र: 6x6x1 घनाभ
| .... | .... | .... | .... |
आप क्या देखते हैं?
हल- रिक्त स्थानों की पूर्ति करने पर सारणी निम्न प्रकार होगी-
घनाभ
लम्बाई
चौड़ाई
ऊँचाई
l×b×h=V
(i)
12
3
1
12×3×1=36
(ii)
6
3
2
6×3×2=36
(iii)
9
1
4
9×1×4=36
(iv)
6
6
1
6×6×1=36
हम देखते हैं कि इन घनाभों को बनाने के लिए हमने 36 घनों का प्रयोग किया है। इसलिए प्रत्येक स्थिति में इसका आयतन 36 घन इकाई है। स्पष्ट रूप से, यह लम्बाई × चौड़ाई × ऊँचाई के बराबर है।
पृष्ठ 125
प्रयास कीजिए प्रश्न- निम्नलिखित घनाभों (आकृति) का आयतन ज्ञात कीजिए-
चित्र: (i) 8cm x 3cm x 2cm घनाभ
m2 आधार वाला घनाभ" class="mx-auto rounded-xl border border-slate-200 dark:border-slate-700 shadow-sm max-w-full block" />
चित्र: (ii) 24 m2 आधार वाला घनाभ
हल-
(i) घनाभ का आयतन =(8×3×2)cm3=48cm3 उत्तर
(ii) घनाभ का आयतन =आधारकाक्षेत्रफल×ऊँचाई
=(24×1003)m3=0.72m3 उत्तर
पृष्ठ 125
प्रश्न- निम्नलिखित घनों का आयतन ज्ञात कीजिए- (a) 4 cm भुजा वाला (b) 1.5 m भुजा वाला
हल-
(a) घन का आयतन =(भुजा)3=(4)3cm3=64cm3 उत्तर
(b) घन का आयतन =(भुजा)3=(1.5)3m3=3.375m3 उत्तर
पृष्ठ 125 | इन्हें कीजिए
प्रश्न— समान आकार वाले 64 घनों को जितने रूपों में आप व्यवस्थित कर सकते हैं उतने रूपों में व्यवस्थित करते हुए घनाभ बनाइए। प्रत्येक रूप का पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए। क्या समान आयतन वाली ठोस आकृतियों का पृष्ठीय क्षेत्रफल समान होता है?
हल— कुछ व्यवस्थित रूप इस प्रकार हैं—
क्र.सं.
लम्बाई
चौड़ाई
ऊँचाई
घनाभ का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(lb+bh+hl)
(i)
64
1
1
=258 वर्ग इकाई
(ii)
32
2
1
=196 वर्ग इकाई
(iii)
16
2
2
=136 वर्ग इकाई
(iv)
16
4
1
=168 वर्ग इकाई
(v)
8
4
2
=112 वर्ग इकाई
(vi)
4
4
4
=96 वर्ग इकाई
एवं इस प्रकार प्रत्येक घनाभ का आयतन भी 64 घन इकाई है। इसलिए, हम यह नहीं कह सकते कि समान आयतन वाली ठोस आकृतियों का पृष्ठीय क्षेत्रफल समान होता है।
सोचिए, चर्चा कीजिए और लिखिए
पृष्ठ 125-126
प्रश्न— एक कम्पनी बिस्कुट बेचती है। बिस्कुटों को पैक करने के लिए घनाभाकार डिब्बों का उपयोग किया जा रहा है। डिब्बा A→3 cm×8 cm×20 cm, डिब्बा B→4 cm×12 cm×10 cm। डिब्बे का कौन-सा आकार कम्पनी के लिए आर्थिक दृष्टि से लाभदायक रहेगा? क्यों? क्या आप ऐसे किसी और आकार (विमाएँ) के डिब्बे का सुझाव दे सकते हैं जिसका आयतन इनके समान हो परन्तु इनकी तुलना में आर्थिक दृष्टि से अधिक लाभदायक हो?
हल— डिब्बा A:
आयतन =(3×8×20) cm3=480 cm3 पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(3×8+8×20+20×3) cm2
=2(24+160+60) cm2 =2×244 cm2=488 cm2
डिब्बा B: आयतन =(4×12×10) cm3=480 cm3 पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(4×12+12×10+10×4) cm2
=2(48+120+40) cm2 =2×208 cm2=416 cm2
स्पष्ट है कि B प्रकार के डिब्बे का आयतन =A प्रकार के डिब्बे का आयतन परन्तु, B प्रकार के डिब्बे का पृष्ठीय क्षेत्रफल A प्रकार के डिब्बे के पृष्ठीय क्षेत्रफल से कम है। ∴ डिब्बा B में कम सामग्री लगेगी। इसलिए डिब्बा B आर्थिक रूप से अधिक लाभदायक है। एक अन्य प्रकार का डिब्बा जिसका आकार 8 cm×6 cm×10 cm है अर्थात् आयतन 480 cm3 है। इसका पृष्ठीय क्षेत्रफल =2(48+60+80) cm2
=2(188) cm2=376 cm2 स्पष्ट है कि इस डिब्बे का पृष्ठीय क्षेत्रफल डिब्बा B से भी कम है। इसलिए यह दिए गए दोनों प्रकार के डिब्बों से आर्थिक रूप से अधिक लाभदायक है।
प्रश्न 2. एक समलम्ब का क्षेत्रफल 34 cm2 है और इसकी ऊँचाई 4 cm है। समान्तर भुजाओं में से एक की 10 cm लम्बाई है। दूसरी समान्तर भुजा की लम्बाई ज्ञात कीजिए।
हल- माना कि वांछित भुजा की लम्बाई x cm है।
तब, समलम्ब का क्षेत्रफल =[21×(10+x)×4]cm2
=2(10+x)cm2 परन्तु, समलम्ब का क्षेत्रफल =34 cm2 (दिया है) ∴2(10+x)=34 या 10+x=17 या x=17−10=7 अतः, दूसरी समान्तर भुजा की लम्बाई =7 cmउत्तर
प्रश्न 3. एक समलम्ब के आकार के खेत ABCD की बाड़ की लम्बाई 120 m है। यदि BC=48 m, CD=17 m और AD=40 m है, तो इस खेत का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए। भुजा AB समान्तर भुजाओं AD तथा BC पर लम्ब है।
चित्र: समलम्ब ABCD
हल- माना कि दिया गया समलम्ब ABCD है जिसमें BC=48 m, CD=17 m और AD=40 m
D से, DL⊥BC खींचिए। अब, BL=AD=40 m और LC=BC−BL
=(48−40) m =8 m समकोण △DLC में पाइथागोरस प्रमेय लगाने पर DL2=DC2−LC2
=172−82 =289−64=225 या DL=225=15 m अब, समलम्ब ABCD का क्षेत्रफल
=21×(BC+AD)×DL =21×(48+40)×15 m2
=(44×15) m2=660 m2उत्तर
प्रश्न 4. एक चतुर्भुज आकार के खेत का विकर्ण 24 m है और शेष सम्मुख शीर्षों से इस विकर्ण पर खींचे गए लम्ब 8 m एवं 13 m हैं। खेत का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
चित्र: चतुर्भुज ABCD with diagonal AC
हल- माना कि दिया गया चतुर्भुज ABCD है जिसमें BE⊥AC और DF⊥AC हैं।
दिया है कि AC=24 m, BE=8 m तथा DF=13 m अब, चतुर्भुज ABCD का क्षेत्रफल
प्रश्न 5. किसी समचतुर्भुज के विकर्ण 7.5 cm एवं 12 cm हैं। इसका क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल- समचतुर्भुज का क्षेत्रफल =21×(विकर्णोंकागुणनफल)
=(21×7.5×12)cm2 =45 cm2उत्तर
प्रश्न 6. एक समचतुर्भुज का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए जिसकी भुजा 6 cm और शीर्षलम्ब 4 cm है। यदि एक...
विकर्ण की लम्बाई 8 cm है तो दूसरे विकर्ण की लम्बाई ज्ञात कीजिए।
हल- माना कि ABCD एक समचतुर्भुज है जिसकी एक भुजा 6 cm है तथा जिसका शीर्ष लम्ब DE=4 cm है। आगे, इसका एक विकर्ण BD=8 cm है।
समचतुर्भुज ABCD का क्षेत्रफल
=2×क्षेत्रफल(△ABD) =2×21×AB×DE
=(6×4) cm2 =24 cm2उत्तर
चित्र: समचतुर्भुज ABCD जिसमें विकर्ण BD और शीर्षलम्ब DE दर्शाया गया है
आगे, समचतुर्भुज ABCD का क्षेत्रफल
=21×AC×BD या 21×AC×8=24 या AC=6 cm अतः, दूसरे विकर्ण की लम्बाई 6 cm है। उत्तर
प्रश्न 7. किसी भवन के फर्श में समचतुर्भुज के आकार की 3000 टाइलें हैं और इनमें से प्रत्येक के विकर्ण 45 cm एवं 30 cm लम्बाई के हैं। 4 रुपए प्रति वर्ग मीटर की दर से इस फर्श को पॉलिश करने का व्यय ज्ञात कीजिए।
हल- फर्श का क्षेत्रफल =3000×एकटाइलकाक्षेत्रफल
=3000×21×45×30 cm2 =1500×45×30 cm2
=100×1001500×45×30 m2 =202.5 m2 4 रुपए प्रति वर्ग मीटर की दर से फर्श को पॉलिश करने का व्यय
=(4×202.5)रुपए =810रुपएउत्तर
प्रश्न 8. मोहन एक समलम्ब के आकार का खेत खरीदना चाहता है। इस खेत की नदी के साथ वाली भुजा सड़क के साथ वाली भुजा के समान्तर है और लम्बाई में दुगुनी है। यदि इस खेत का क्षेत्रफल 10,500 m2 है और दो समान्तर भुजाओं के बीच की लम्बवत् दूरी 100 m है, तो नदी के साथ वाली भुजा की लम्बाई ज्ञात कीजिए।
हल- माना कि समलम्ब के आकार के खेत की समान्तर भुजाएँ x m तथा 2x m हैं। तब, इसका क्षेत्रफल
=21(x+2x)×100 m2 =50×3x m2
=150x m2 परन्तु दिया है कि खेत का क्षेत्रफल 10500 m2 है। 150x=10500 या x=15010500=70 अतः नदी के साथ वाली भुजा की लम्बाई 2×70 अर्थात्, 140 मीटर है। उत्तर
चित्र: समलम्ब आकार का खेत
प्रश्न 9. एक ऊपर उठे हुए चबूतरे का ऊपरी पृष्ठ अष्टभुज के आकार का है, जैसा कि आकृति में दर्शाया गया है। अष्टभुजी पृष्ठ का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
प्रश्न 10. एक पंचभुज आकार का बगीचा है जैसा कि आकृति में दर्शाया गया है। इसका क्षेत्रफल ज्ञात करने के लिए ज्योति और कविता ने इसे दो विभिन्न तरीकों से विभाजित किया। दोनों तरीकों का उपयोग करते हुए इस बगीचे का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए। क्या आप इसका क्षेत्रफल ज्ञात करने की कोई और विधि बता सकते हैं?
चित्र: पंचभुज बगीचा (ज्योति का आरेख और कविता का आरेख)
=(450−2225)m2=(2900−225)m2 =2675m2=337.5m2 उत्तर
चित्र: पंचभुजाकार बगीचा
प्रश्न 11. संलग्न पिक्चर फ्रेम के आरेख की बाहरी एवं अंत: विमाएँ क्रमशः 24 cm×28 cm एवं 16 cm×20 cm हैं। यदि फ्रेम के प्रत्येक खण्ड की चौड़ाई समान है, तो प्रत्येक खण्ड का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल- स्पष्ट रूप से, फ्रेम की चौड़ाई
=2AB−PQ=224−16 cm =28 cm=4 cm अब, खण्ड ABQP का क्षेत्रफल
=खण्ड DCRS काक्षेत्रफल =21×(AB+PQ)×4 cm2
=2(24+16) cm2 =2×40 cm2=80 cm2 उत्तर और खण्ड APSD का क्षेत्रफल
=खण्ड CBQR काक्षेत्रफल =21×(AD+PS)×4 cm2
=2(28+20) cm2 =2×48 cm2=96 cm2 फ्रेम के खण्डों के क्षेत्रफल क्रमशः 80 cm2,96 cm2,80 cm2,96 cm2 होंगे। उत्तर
चित्र: पिक्चर फ्रेम आरेख
प्रश्नावली 9.2
प्रश्न 1. दो घनाभाकार डिब्बे हैं जैसा कि नीचे दी आकृति में दर्शाया गया है। किस डिब्बे को बनाने के लिए कम सामग्री की आवश्यकता है?
चित्र: दो घनाभाकार डिब्बे (a) और (b)
हल- पहले डिब्बे का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल
=2(lb+bh+lh) =2(60×40+40×50+60×50) cm2
=2(2400+2000+3000) cm2 =2(7400)=14800 cm2 दूसरे डिब्बे का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल
=6l2=6×50×50 cm2 =15000 cm2 क्योंकि पहले डिब्बे का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल दूसरे से कम है, इसलिए पहला डिब्बा अर्थात् (a) को बनाने में कम सामग्री की आवश्यकता है। उत्तर
प्रश्न 2.80 cm×48 cm×24 cm माप वाले एक सूटकेस को तिरपाल के कपड़े से ढकना है। ऐसे 100 सूटकेसों को ढकने के लिए 96 cm चौड़ाई वाले कितने मीटर तिरपाल के कपड़े की आवश्यकता है?
हल- सूटकेस का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल
=2(80×48+48×24+80×24) cm2 =2(3840+1152+1920) cm2
=2×6912 cm2=13824 cm2 1 मीटर तिरपाल का क्षेत्रफल =(100×96) cm2=9600 cm2 100 सूटकेसों का पृष्ठीय क्षेत्रफल =100×13824 cm2 100 सूटकेसों के लिए आवश्यक तिरपाल की लम्बाई
=9600100×13824मीटर =144मीटर उत्तर
प्रश्न 3. एक ऐसे घन की भुजा ज्ञात कीजिए जिसका पृष्ठीय क्षेत्रफल 600 cm2 है।
हल- माना कि उस घन की एक भुजा की लम्बाई x cm है जिसका पृष्ठीय क्षेत्रफल 600 cm2 है।
∴6x2=600 या x2=100 या x=10 अतः, घन की एक भुजा =10 cm उत्तर
प्रश्न 4. रुखसार ने 1m×2m×1.5m माप वाली एक पेटी को बाहर से पेंट किया। यदि उसने पेटी के तल के अतिरिक्त उसे सभी जगह से पेंट किया हो तो ज्ञात कीजिए कि उसने कितने पृष्ठीय क्षेत्रफल को पेंट किया?
चित्र: एक आयताकार पेटी जिसकी लंबाई 2m, चौड़ाई 1m और ऊँचाई 1.5m है।
हल— यहाँ, l=2m, b=1m तथा h=1.5m
पेंट किया जाने वाला क्षेत्रफल
=2bh+2lh+lb =(2×1×1.5+2×2×1.5+2×1)m2
=(3+6+2)m2=11m2उत्तर
प्रश्न 5. डैनियल एक ऐसे घनाभाकार कमरे की दीवारों और छत को पेंट कर रहा है जिसकी लम्बाई, चौड़ाई और ऊँचाई क्रमशः 15m, 10m एवं 7m है। पेंट की प्रत्येक कैन की सहायता से 100m2 क्षेत्रफल को पेंट किया जा सकता है। तो उस कमरे के लिए उसे पेंट की कितनी कैनों की आवश्यकता होगी?
हल— यहाँ l=15m, b=10m तथा h=7m
पेंट किया जाने वाला क्षेत्रफल
=2bh+2lh+lb =(2×10×7+2×15×7+15×10)m2
=(140+210+150)m2=500m2 ∴ पेंट की प्रत्येक कैन की सहायता से 100m2 क्षेत्रफल को पेंट किया जा सकता है, इसलिए आवश्यक कैनों की संख्या =100500=5उत्तर
प्रश्न 6. वर्णन कीजिए कि दाईं तरफ दी गई आकृतियाँ किस प्रकार एक समान हैं और किस प्रकार एक दूसरे से भिन्न हैं? किस डिब्बे का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल अधिक है?
r=27cm, ऊँचाई 7cm) और एक घन (भुजा 7cm)" class="mx-auto rounded-xl border border-slate-200 dark:border-slate-700 shadow-sm max-w-full block" />
चित्र: एक बेलन (त्रिज्या r=27cm, ऊँचाई 7cm) और एक घन (भुजा 7cm)
हल—
समानता— दी गई आकृतियों की ऊँचाई एक जैसी है। अन्तर— (i) एक बेलन है तथा दूसरा घन है।
(ii) बेलन एक ठोस है जो एक आयताकार पटल को उसकी एक भुजा के परितः घुमाने से प्राप्त होता है। जबकि घन एक ठोस है जो छः पृष्ठों से घिरा है।
(iii) बेलन की दो वृत्ताकार फलकें हैं जबकि घन की छः फलकें हैं। बेलन का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल =2πrh है, जहाँ r=27cm, h=7cm अतः, क्षेत्रफल =(2×722×27×7)cm2=154cm2 और, घन का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल
=आधारकापरिमाप×ऊँचाई =(4×7×7)cm2=196cm2 स्पष्ट रूप से, घन का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल अधिक है।
प्रश्न 7.7m त्रिज्या और 3m ऊँचाई वाला एक बंद बेलनाकार टैंक किसी धातु की एक चादर से बना हुआ है। उसे बनाने के लिए वांछित धातु की चादर की मात्रा ज्ञात कीजिए।
हल— यहाँ, r=7m तथा h=3m
एक बंद बेलन बनाने के लिए आवश्यक धातु की चादर का क्षेत्रफल
प्रश्न 8. एक खोखले बेलन का वक्र पृष्ठीय क्षेत्रफल 4224cm2 है। इसे इसकी ऊँचाई के अनुदिश काटकर 33cm चौड़ाई की एक आयताकार चादर बनाई जाती है। आयताकार चादर का परिमाप ज्ञात कीजिए।
हल— जब एक खोखले बेलन को इसकी ऊँचाई के अनुदिश काटते हैं और एक आयताकार चादर बनाते हैं, तब बेलन के वृत्ताकार आधार की परिधि तथा बेलन की ऊँचाई आयताकार चादर की क्रमशः लम्बाई तथा चौड़ाई होता है। इसलिए, बेलन का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल आयताकार चादर के क्षेत्रफल के बराबर होता है।
माना कि चादर की लम्बाई l है। ∴ चादर का क्षेत्रफल = बेलन का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल या l×33=4224 या l=(334224)cm=128cm अब, आयताकार चादर का परिमाप
=2(l+b)=2(128+33)cm =2×161cm=322cmउत्तर
प्रश्न 9. किसी सड़क को समतल करने के लिए एक सड़क रोलर को सड़क के ऊपर एक बार घूमने के लिए 750 चक्कर लगाने पड़ते हैं। यदि सड़क रोलर का व्यास 84cm और...
चित्र: एक सड़क रोलर का चित्र
648
लम्बाई 1 m है तो सड़क का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल—सड़क रोलर एक बेलन है जिसकी त्रिज्या
r=(284)cm=42 cm=0.42 m और जिसकी लम्बाई, h=1 m रोलर का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल
=2πrh =(2×722×0.42×1)m2=2.64 m2 ∴ सड़क रोलर द्वारा 750 चक्कर में समतल की गई सड़क का क्षेत्रफल
=(750×2.64)m2=1980 m2 उत्तर
चित्र: बेलन का चित्र
प्रश्न 10. एक कम्पनी अपने दूध पाउडर को ऐसे बेलनाकार बर्तनों में पैक करती है जिनका व्यास 14 cm और ऊँचाई 20 cm है। कम्पनी बर्तन के पृष्ठ के चारों ओर एक लेबल लगाती है (जैसा कि आकृति में दर्शाया गया है)। यदि यह लेबल बर्तन के तल और शीर्ष दोनों से 2 cm की दूरी पर चिपकाया जाता है तो लेबल का क्षेत्रफल क्या है?
चित्र: बेलनाकार बर्तन जिस पर लेबल लगा है
हल—∵ कम्पनी 214=7 cm त्रिज्या तथा 20 cm ऊँचाई के बेलनाकार बर्तन के चारों तरफ इस प्रकार लेबल लगाती है कि ऊपर तथा नीचे से 2 cm की जगह छूटती है।
∴ हमें उस बेलन का पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात करना है जिसकी त्रिज्या 7 cm और ऊँचाई (20−4) cm अर्थात् 16 cm है। यह पार्श्व पृष्ठीय क्षेत्रफल =(2×722×7×16)cm2
=704 cm2 उत्तर
प्रश्नावली 9.3
प्रश्न 1. आपको एक बेलनाकार टैंक दिया हुआ है, निम्नलिखित में से किस स्थिति में आप उसका पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात करेंगे और किस स्थिति में आयतन— (a) यह ज्ञात करने के लिए कि इसमें कितना पानी रखा जा सकता है। (b) इसका प्लास्टर करने के लिए वांछित सीमेंट बोरियों की संख्या। (c) इसमें भरे पानी से भरे जाने वाले छोटे टैंकों की संख्या।
हल—(a) आयतन (b) पृष्ठीय क्षेत्रफल (c) आयतन।
चित्र: बेलनाकार टैंक
प्रश्न 2. बेलन A का व्यास 7 cm और ऊँचाई 14 cm है। बेलन B का व्यास 14 cm और ऊँचाई 7 cm है। परिकलन किए बिना क्या आप बता सकते हैं कि इन दोनों में किसका आयतन अधिक है। दोनों बेलनों का आयतन ज्ञात करते हुए इसका सत्यापन कीजिए। जाँच कीजिए कि क्या अधिक आयतन वाले बेलन का पृष्ठीय क्षेत्रफल भी अधिक है।
इस प्रकार, बेलन B का आयतन तथा पृष्ठीय क्षेत्रफल दोनों अधिक हैं। उत्तर
प्रश्न 3. एक ऐसे घनाभ की ऊँचाई ज्ञात कीजिए जिसके आधार का क्षेत्रफल 180 cm2 और जिसका आयतन 900 cm3 है।
हल— घनाभ का आयतन =900 cm3
या (आधार का क्षेत्रफल) × ऊँचाई =900 cm3 या 180×ऊँचाई=900 या ऊँचाई =180900=5 अतः घनाभ की ऊँचाई 5 cm है। उत्तर
प्रश्न 4. एक घनाभ की विमाएँ 60 cm×54 cm×30 cm
cm हैं। इस घनाभ के अन्दर 6 cm भुजा वाले कितने छोटे घन रखे जा सकते हैं?
हल- प्रत्येक घन का किनारा (l)=6 cm
∴ प्रत्येक घन का आयतन =(l)3
=(6)3 cm3=216 cm3 घनाभ का आयतन =(60×54×30) cm3 घनों की संख्या =प्रत्येकघनकाआयतनघनाभकाआयतन
=21660×54×30 =10×9×5=450उत्तर
प्रश्न 5. एक ऐसे बेलन की ऊँचाई ज्ञात कीजिए जिसका आयतन 1.54 m3 और जिसके आधार का व्यास 140 cm है।
हल- माना कि उस बेलन की ऊँचाई h है जिसकी त्रिज्या
r=2140 cm=70 cm=10070 m=0.7 m और आयतन =1.54 m3 है। अब, आयतन =1.54 m3 या πr2h=1.54 या 722×0.7×0.7×h=1.54 या h=22×0.7×0.71.54×7=1 अतः, बेलन की ऊँचाई 1 m उत्तर
प्रश्न 6. एक दूध का टैंक बेलन के आकार का है जिसकी त्रिज्या 1.5 m और लम्बाई 7 m है। इस टैंक में भरे जा सकने वाले दूध की मात्रा लीटर में ज्ञात कीजिए।
चित्र: दूध का टैंकर
हल- टैंक में भरे जा सकने वाले दूध की मात्रा
=टैंककीधारिता =πr2h, जहाँ r=1.5 m तथा h=7 m
=(722×1.5×1.5×7) m3 =49.5 m3
=(49.5×1000)लीटर[∵1 m3=1000लीटर] =49500लीटरउत्तर
प्रश्न 7. यदि किसी घन के प्रत्येक किनारे को दुगुना कर दिया जाए, तो (i) इसके पृष्ठीय क्षेत्रफल में कितने गुना वृद्धि होगी? (ii) इसके आयतन में कितने गुना वृद्धि होगी?
हल- माना कि घन के किनारे की लम्बाई x इकाई है। तब, इसका पृष्ठीय क्षेत्रफल =6x2 तथा इसका आयतन =x3 है।
जब इसके किनारे की लम्बाई दुगुनी कर दी गई, तब
(i) इसका पृष्ठीय क्षेत्रफल =6(2x)2=6×4x2=24x2 अतः नये घन का पृष्ठीय क्षेत्रफल मूल घन के पृष्ठीय क्षेत्रफल का 4 गुना है। उत्तर
(ii) इसका आयतन =(2x)3=8x3 अतः नये घन का आयतन मूल घन के आयतन का 8 गुना है। उत्तर
प्रश्न 8. एक कुंड के अन्दर 60 लीटर प्रति मिनट की दर से पानी गिर रहा है। यदि कुंड का आयतन 108 m3 है, तो ज्ञात कीजिए कि इस कुंड को भरने में कितने घंटे लगेंगे?
चित्र: पानी का कुंड
हल- कुंड का आयतन =108 m3
=108×1000लीटर =108000लीटर ∵ कुंड में 60 लीटर प्रति मिनट की दर से पानी गिर रहा है ∴ कुंड को भरने में समय लगेगा =60×60108000 घंटे
=30घंटेउत्तर
भाग 2 — पाठ सार (Notes)
📝 2. नोट्स: मुख्य बिन्दु, परिभाषाएँ एवं महत्त्वपूर्ण सूत्र
अध्याय का त्वरित रिवीजन नोट्स, मुख्य संकल्पनाएँ एवं परीक्षा उपयोगी सूत्र।
पाठ सार
(1) किसी बन्द समतल आकृति की सीमा के चारों ओर की दूरी उसका परिमाप कहलाता है और उस आकृति द्वारा घिरे हुए क्षेत्र को उसका क्षेत्रफल कहते हैं।
(2) आयत का क्षेत्रफल = लम्बाई × चौड़ाई आयत की लम्बाई = चौड़ाईक्षेत्रफल ; आयत की चौड़ाई = लम्बाईक्षेत्रफल आयत का परिमाप = 2×(लम्बाई+चौड़ाई)
(3) वर्ग का क्षेत्रफल = (भुजा)2 या = 21×(विकर्ण)2 वर्ग का परिमाप = 4×वर्गकीभुजा वर्ग की एक भुजा = क्षेत्रफल
(4) त्रिभुज का क्षेत्रफल = 21×आधार×ऊँचाई
(5) समान्तर चतुर्भुज का क्षेत्रफल = आधार×ऊँचाई समान्तर चतुर्भुज का आधार = ऊँचाईक्षेत्रफल ; समान्तर चतुर्भुज की ऊँचाई = आधारक्षेत्रफल
(6) समचतुर्भुज का क्षेत्रफल = 21×विकर्णोंकागुणनफल
(7) वृत्त का क्षेत्रफल = πr2 (जहाँ r वृत्त की त्रिज्या है)
(8) समलम्ब का क्षेत्रफल = 21×(समान्तरभुजाओंकीलम्बाइयोंकायोग)×(उनकेबीचकीलम्बवत्दूरी)
(9) एक ठोस का पृष्ठीय क्षेत्रफल इसके फलकों के क्षेत्रफलों के योग के समान होता है।
(10) घनाभ का पृष्ठीय क्षेत्रफल = 2(lb+bh+hl) घन का पृष्ठीय क्षेत्रफल = 6l2 (जहाँ l घन की भुजा है) बेलन का वक्र पृष्ठ = 2πrh वृत्त की परिधि = 2πr बेलन का पृष्ठीय क्षेत्रफल = 2πr2+2πrh=2πr(h+r)
(11) कमरे की चारों दीवारों का क्षेत्रफल = आधारकापरिमाप×कमरेकीऊँचाई
= 2(l+b)×h
(12) किसी ठोस द्वारा घिरी हुई जगह की मात्रा इसका आयतन कहलाती है।
(13) घनाभ का आयतन = l×b×h घन का आयतन = l3=l×l×l बेलन का आयतन = πr2h
(14) (i) 1 cm3=1 mL (ii) 1 L=1000 cm3 (iii) 1 m3=1000000 cm3=1000 L
भाग 3 — अन्य महत्त्वपूर्ण प्रश्नोत्तर
⭐ 3. अन्य महत्त्वपूर्ण प्रश्नोत्तर (Important Q&A)
परीक्षा उपयोगी वस्तुनिष्ठ (MCQ), अतिलघूत्तरात्मक एवं लघूत्तरात्मक प्रश्नोत्तर।
अन्य महत्त्वपूर्ण प्रश्न
बहुविकल्पीय प्रश्न-
1. एक समचतुर्भुज के विकर्णों की लम्बाई क्रमशः 10 मी. व 12 मी. है। इस समचतुर्भुज का क्षेत्रफल होगा- (अ) 2(10+12) (ब) 10×12 (स) 21×(12+10) (द) 21×(10)×(12)
2. एक बॉक्स की लम्बाई 20 सेमी., चौड़ाई 10 सेमी. व ऊँचाई 5 सेमी. है। बॉक्स का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल है- (अ) 20×10×5 (ब) 2(20×10+10×5+5×20) (स) 2(20+10+5) (द) 2(20×10×5)
3. एक घन की भुजा 10 मी. है। घन का क्षेत्रफल होगा- (अ) 600मी.2 (ब) 100मी.2 (स) 500मी.2 (द) 400मी.2
4. एक घन का क्षेत्रफल 36सेमी.2 है। घन की भुजा है- (अ) 9सेमी. (ब) 8सेमी.
650
(स) 6 सेमी. (द) 10 सेमी. 5. एक घनाभ के आधार का क्षेत्रफल 140 मी.2 तथा ऊँचाई 3 मी. है तो घनाभ का आयतन होगा- (अ) 140×3 मी.3 (ब) 3140 मी.3 (स) (140+3) मी.3 (द) [(140)2−(3)2] मी.3 6. एक घन की भुजा 4 सेमी. हो तो घन का आयतन है- (अ) (4)2 (ब) (4)3 (स) (4)4 (द) (4)5 7. बेलन के वक्रपृष्ठ का क्षेत्रफल है- (अ) πr2h (ब) 2πr(h+r) (स) 2πrh (द) 2πr 8. बेलन की त्रिज्या 3 सेमी. व ऊँचाई 10 सेमी. हो तो आयतन होगा- (अ) π(3)2×(10) सेमी.3 (ब) 2π(3)(10) सेमी.2 (स) 2π(3)2(10) सेमी.3 (द) π(3)2 सेमी.2 9. एक घनाभ की लम्बाई l, चौड़ाई b व ऊँचाई h हो तो पृष्ठीय क्षेत्रफल होगा- (अ) lbh (ब) l+b+h (स) lb+bl+hl (द) 2(lb+bh+hl) 10. किसी ठोस द्वारा घिरी हुई जगह की मात्रा उसका कहलाती है-
(अ) क्षेत्रफल (ब) परिमाप (स) आयतन (द) इनमें से कोई नहीं 11. एक घनाभ के आधार का क्षेत्रफल 25 सेमी.2 व आयतन 275 सेमी.3 हो तो उसकी ऊँचाई होगी- (अ) 10 सेमी (ब) 11 सेमी (स) 12 सेमी (द) 8 सेमी 12. एक कमरे का आयतन 80 मीटर3 है। यदि इसके फर्श का क्षेत्रफल 20 मीटर2 हो तो कमरे की ऊँचाई है- (अ) 5 मीटर (ब) 10 मीटर (स) 8 मीटर (द) 4 मीटर 13. एक बेलन की त्रिज्या r व ऊँचाई h हो तो उसका आयतन होगा- (अ) 2πrh (ब) 2πr2h (स) πr2h (द) πrh 14. एक समचतुर्भुज का क्षेत्रफल 240 सेमी.2 है। यदि एक विकर्ण की लम्बाई 30 सेमी. हो तो इसके दूसरे विकर्ण की लम्बाई होगी- (अ) 10 सेमी. (ब) 16 सेमी. (स) 22 सेमी. (द) 28 सेमी. 15. 10 सेमी. भुजा वाले दो ठोस घनों को साथ-साथ रखने पर प्राप्त घनाभ का आयतन क्या है- (अ) 500 सेमी.3 (ब) 2000 सेमी.3 (स) 1000 सेमी.3 (द) 1500 सेमी.3
उत्तरमाला
1.(द)
2.(ब)
3.(अ)
4.(स)
5.(अ)
6.(ब)
7.(स)
8.(अ)
9.(द)
10.(स)
11.(ब)
12.(द)
13.(स)
14.(ब)
15.(ब)
रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए-
किसी ठोस का ............ उसके फलकों के क्षेत्रफलों का योग होता है। (आयतन/पृष्ठीय क्षेत्रफल)
कमरे की चारों दीवारों का क्षेत्रफल =2×…(l+b)(h/h)
किसी ठोस द्वारा घिरी हुई जगह की मात्रा इसका ............ कहलाती है। (घनत्व/आयतन)
एक घन के सभी फलक ............ होते हैं। (आयत/सर्वांगसम)
कमरे के आधार का क्षेत्रफल 12 मीटर2 है तथा ऊँचाई 3 मीटर है तब आयतन ............ होगा। (18m3/36m3)
एक वर्गाकार पार्क का परिमाप ............ होगा। (2×भुजा/4×भुजा)
उत्तर- 1. पृष्ठीय क्षेत्रफल 2. h 3. आयतन 4. सर्वांगसम 5. 36m3 6. 4×भुजा
निम्नलिखित कथनों को पढ़कर सत्य/असत्य चुनिये।
एक ठोस का पृष्ठीय क्षेत्रफल इसके फलकों के क्षेत्रफलों के अन्तर के समान होता है। (सत्य/असत्य ✓)
1 लीटर =10000 cm3 (सत्य/असत्य ✓)
1 मीटर3=1000000 cm3 (सत्य ✓/असत्य)
बेलन के आधार की परिधि =2πr (सत्य ✓/असत्य)
घनाभ का आयतन = आधार का परिमाप × ऊँचाई (सत्य/असत्य ✓)
बेलन का आयतन =31πr2h (सत्य/असत्य ✓)
अतिलघूत्तरात्मक प्रश्न-
प्रश्न 1. एक ऐसे समचतुर्भुज का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए जिसके विकर्णों की लम्बाइयाँ 10 cm और 8.2 cm हैं।
हल- समचतुर्भुज का क्षेत्रफल =21×विकर्णोंकागुणनफल
=21×10×8.2=41 cm2उत्तर
प्रश्न 2. एक ईंट 25 सेमी. ×12 सेमी. ×10 सेमी. है। ईंट का पृष्ठीय क्षेत्रफल लिखिए।
हल-ईंट का पृष्ठीय क्षेत्रफल
=2(25×12+12×10+10×25) =2(300+120+250)
=2×670 =1340सेमी.2उत्तर
प्रश्न 3. एक घन की भुजा 1 सेमी. है। इस प्रकार के दो घनों को चिपकाने से बनी आकृति का सम्पूर्ण क्षेत्रफल बताइए।
हल-2(2+1+2)सेमी.2
=2×5=10सेमी.2उत्तर
प्रश्न 4. एक घनाभ की लम्बाई, चौड़ाई व ऊँचाई क्रमशः 15 सेमी., 10 सेमी. व 8 सेमी. है। उसका आयतन ज्ञात कीजिए।
हल- घनाभ का आयतन =l×b×h
=15×10×8 =1200 cm3उत्तर
प्रश्न 5. एक घनाभाकार कक्ष की आन्तरिक माप 12 m×8 m×4 m है। इसकी चारों दीवारों का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल-l=12 m,b=8 m,h=4 m
कमरे की चारों दीवारों का क्षेत्रफल =2(l+b)×h
=2(12+8)×4 =40×4
=160 m2उत्तर
प्रश्न 6.7 सेमी. त्रिज्या तथा कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल 968 cm2 वाले बेलन की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
हल- यहाँ बेलन की ऊँचाई =h, त्रिज्या (r)=7 cm
कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल =2πr(h+r) अतः: 2×722×7(h+7)=968 या h+7=44968 या h=22−7 अतः: h=15 cmउत्तर
प्रश्न 7. एक समचतुर्भुज का क्षेत्रफल 240 cm2 है और विकर्णों में से एक की लम्बाई 16 cm हैं, दूसरा विकर्ण ज्ञात कीजिये।
हल- समचतुर्भुज का क्षेत्रफल =21×विकर्णोंकागुणनफल
माना दूसरा विकर्ण =d2 है 240=21d1d2 या 240×2=d1d2 या d2=d1240×2=16240×2 d2=15×2=30 cmउत्तर
प्रश्न 8. एक ऐसे बेलन की ऊँचाई ज्ञात कीजिये जिसकी त्रिज्या 7 cm और कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल 968 cm2 है।
हल- बेलन का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल =2πr(h+r)
968=2×722×7(h+7) 2×22968=h+7 या h+7=22 h=15 cm अतः: बेलन की ऊँचाई =15 cmउत्तर
प्रश्न 9. एक ऐसे घनाभ की ऊँचाई ज्ञात कीजिये जिसका आयतन 275 cm3 और आधार का क्षेत्रफल 25 cm2 है।
हल- घनाभ की ऊँचाई =आधारकाक्षेत्रफलघनाभकाआयतन
=25275=11 cm घनाभ की ऊँचाई =11 cmउत्तर
प्रश्न 10. एक घन की प्रत्येक भुजा 8 सेमी लम्बी है, घन का आयतन लिखिये।
हल- घन का आयतन =(भुजा)3
=(8)3=8×8×8 =512 cm3उत्तर
प्रश्न 11. एक घन का सम्पूर्ण पृष्ठ 150 वर्ग सेमी है तो इसका आयतन ज्ञात कीजिये।
हल- घन का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल =6×(भुजा)2
150=6×(भुजा)2 ∴(भुजा)2=6150=25 भुजा =25=5 cm घन का आयतन =(भुजा)3=(5)3
=5×5×5 =125 cm3उत्तर
प्रश्न 12. एक आयत की लम्बाई 15 मीटर व चौड़ाई 10 मीटर हो तो इसका परिमाप का मान लिखिये।
हल- आयत का परिमाप =2(लम्बाई+चौड़ाई)
=2(15+10) =2×25=50मीटरउत्तर
प्रश्न 13. यदि एक घन की प्रत्येक भुजा 1 सेमी है तो उसका कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल का मान लिखिये।
हल- घन का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल =6×(भुजा)2
=6×(1)2∴(भुजा)=1 cm =6×1=6 cm2उत्तर
प्रश्न 14. दी गई आकृति ABCD का परिमाप ज्ञात कीजिये-
652
चित्र: आयत ABCD
हल- आयत ABCD का परिमाप =2(लम्बाई+चौड़ाई)
=2(9+7) =2×16=32 cm उत्तर
लघूत्तरात्मक प्रश्न-
प्रश्न 1. बहुभुज ABCDEF को विभिन्न भागों में बाँटा गया है जैसा कि आकृति में दर्शाया गया है, तो बहुभुज का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिये।
चित्र: बहुभुज ABCDEF विभाजित भागों (1, 2, 3, 4) के साथ
हल-
चित्र-1 समलम्ब चतुर्भुज का क्षेत्रफल =21(समान्तरभुजाओंकायोग)×उनकेबीचकीदूरी
=21(30+50)×50=2000 m2
चित्र-2 वर्ग का क्षेत्रफल =भुजा×भुजा
=50×50=2500 m2
चित्र-3 त्रिभुज का क्षेत्रफल =21×40×(100−70)
=21×40×30=600 m2
चित्र-4 त्रिभुज का क्षेत्रफल =21×40×70=1400 m2
अतः बहुभुज का क्षेत्रफल =2000+2500+600+1400
=6500 m2 उत्तर
प्रश्न 2. निम्नलिखित को हल कीजिये-
(A) एक समचतुर्भुज का क्षेत्रफल 240 cm2 है और विकर्णों में से एक की लम्बाई 30सेमी है। दूसरा विकर्ण ज्ञात कीजिये। इसमें कौनसा विकर्ण अधिक है तथा कितनी अधिक है, ज्ञात कीजिये? (B) एक बेलन की ऊँचाई ज्ञात कीजिये, जिसका आयतन 1.54 m3 और जिसके आधार का व्यास 140 cm है।
हल-
(A) समचतुर्भुज का क्षेत्रफल =21×विकर्णोंकागुणनफल 240=21×30×x ∴ माना दूसरा विकर्ण =x है। 240=15x ∴x=15240=16 30सेमी लम्बाई वाला विकर्ण अधिक है। लम्बाई में अधिक है =30−16=14सेमी उत्तर
(B) आयतन =1.54 m3
=1.54×100×100×100 =1540000 cm3 बेलन की त्रिज्या =2140=70 cm बेलन का आयतन =πr2h 1540000=722×70×70×h h=22×70×701540000×7=100सेमी अतः बेलन की ऊँचाई =100सेमी उत्तर
प्रश्न 3. समलम्ब के आकार के एक खेत का क्षेत्रफल 480 m2 हैं, दो समांतर भुजाओं के बीच की दूरी 15 m है और उनमें से एक समांतर भुजा की लम्बाई 20 m है। दूसरी समांतर भुजा की लम्बाई ज्ञात कीजिए।
हल-
समलम्ब की समांतर भुजाओं में से एक की लम्बाई a=20 m, माना कि दूसरी समांतर भुजा b है, ऊँचाई h=15 m समलम्ब का दिया हुआ क्षेत्रफल =480 m2 समलम्ब का क्षेत्रफल =21h(a+b) ∴480=21×15×(20+b)
या 15480×2=20+b या 64=20+b या b=44 मीटर उत्तर
प्रश्न 4. एक मछलीघर घनाभ के आकार का है जिसके बाह्य माप 80 cm×30 cm×40 cm हैं। इसके तल, पृष्ठभाग वाले फलक और पीछे वाले फलक को रंगीन कागज से ढकना है। आवश्यक कागज का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल-
मछलीघर की लम्बाई =l=80 cm मछलीघर की चौड़ाई =b=30 cm मछलीघर की ऊँचाई =h=40 cm आधार का क्षेत्रफल =l×b=80×30=2400 cm2 पृष्ठभाग वाले फलक का क्षेत्रफल =b×h=30×40=1200 cm2 पीछे वाले फलक का क्षेत्रफल =l×h=80×40=3200 cm2
वांछित क्षेत्रफल = आधार का क्षेत्रफल × पीछे वाले फलक का क्षेत्रफल +(2×पृष्ठभागवालेफलककाक्षेत्रफल)
=2400+3200+(2×1200)=8000 cm2 अतः वांछित रंगीन कागज का क्षेत्रफल 8000 cm2 है। उत्तर
प्रश्न 5. एक घनाभाकार कक्ष की आंतरिक माप 12 m×8 m×4 m है। यदि सफेदी कराने का खर्च ₹ 5 प्रति वर्ग मीटर है तो उस कक्ष की चार दीवारों पर सफेदी कराने का खर्च ज्ञात कीजिए। यदि उस कमरे की छत की भी सफेदी कराई जाए तो सफेदी कराने का खर्च कितना होगा?
हल-
माना कि, कमरे की लम्बाई =l=12 m कमरे की चौड़ाई =b=8 m कमरे की ऊँचाई =h=4 m कमरे की चारों दीवारों का क्षेत्रफल = आधार का परिमाप × कमरे की ऊँचाई
=2(l+b)×h=2(12+8)×4=2×20×4=160 m2 सफेदी कराने का प्रति वर्गमीटर खर्च =₹5 इसलिए कमरे की चार दीवारों पर सफेदी कराने का कुल खर्च =160×5=₹800 छत का क्षेत्रफल =12×8=96 m2 छत पर सफेदी कराने का कुल खर्च =96×5=₹480 सफेदी कराने का कुल खर्च =800+480=₹1280 उत्तर
प्रश्न 6. एक घनाभाकार गोदाम, जिसकी माप 60 m×40 m×30 m है, के अंदर कितने घनाभाकार डिब्बे रखे जा सकते हैं, यदि एक डिब्बे का आयतन 0.8 m3 है?
हल-
एक डिब्बे का आयतन =0.8 m3 गोदाम का आयतन =60×40×30=72000 m3 गोदाम के अंदर रखे जा सकने वाले डिब्बों की संख्या =1 डिब्बेकाआयतनगोदामकाआयतन
=0.860×40×30=90,000 इस प्रकार गोदाम के अंदर रखे जा सकने वाले डिब्बों की संख्या 90,000 है। उत्तर