📖 1. समाधान: अभ्यास एवं पाठ्यपुस्तक के संपूर्ण हल
राजस्थान बोर्ड कक्षा 8 सामाजिक विज्ञान — पाठगत प्रश्न एवं अभ्यास के चरण-दर-चरण सटीक हल।
पाठ्यपुस्तक के प्रश्न
I. निम्नलिखित प्रश्नों के सही उत्तर के विकल्प को कोष्ठक में लिखिए-
1. निम्नलिखित में से कौनसा राजस्थान का सबसे प्राचीन उद्योग है—
2. चूना, पत्थर व जिप्सम का उपयोग किस उद्योग में किया जाता है—
उत्तर- 1. (क) 2. (घ)
II. अतिलघूत्तरात्मक प्रश्न-
प्रश्न 1. ग्रेनाइट उद्योग का सर्वाधिक विकास किस जिले में हुआ है?
उत्तर- राजस्थान राज्य में ग्रेनाइट उद्योग का सर्वाधिक विकास जालोर जिले में हुआ है।
प्रश्न 2. राजस्थान के किन्हीं चार कुटीर उद्योगों के उदाहरण दीजिए।
उत्तर- राजस्थान के चार प्रमुख कुटीर उद्योग हैं—(i) हथकरघा उद्योग (ii) अगरबत्ती उद्योग (iii) चर्म उद्योग और (iv) मिट्टी के बर्तन निर्माण उद्योग।
III. लघूत्तरात्मक प्रश्न-
प्रश्न 1. राजस्थान की वस्त्र नगरी किसे कहा जाता है और क्यों?
उत्तर- भीलवाड़ा को राजस्थान की वस्त्र नगरी कहा जाता है क्योंकि वर्तमान में भीलवाड़ा राजस्थान का प्रमुख वस्त्र उत्पादक क्षेत्र है। इसलिए इसे राजस्थान का 'मेनचेस्टर' भी कहा जाता है।
प्रश्न 2. राजस्थान के वृहद उद्योगों का वर्णन कीजिए।
उत्तर- वर्तमान में राजस्थान में वृहद उद्योगों में तेजी से विकास होने के कारण राज्य को औद्योगिक दृष्टि से पहचान मिली है। राजस्थान के प्रमुख वृहद उद्योग निम्नलिखित हैं—
(1) सूती वस्त्र उद्योग- यह राजस्थान का सबसे प्राचीन उद्योग है। वर्तमान में भीलवाड़ा राजस्थान का प्रमुख वस्त्र उत्पादक क्षेत्र है। इसके अतिरिक्त वस्त्रों की रंगाई-छपाई तथा बंधेज कार्य हेतु जयपुर, जोधपुर, चूरू, बीकानेर, नागौर प्रमुख केंद्र हैं।
(2) सीमेंट उद्योग- राजस्थान सीमेण्ट उद्योग में भारत का अग्रणी राज्य माना जाता है। कच्चे माल की उपलब्धि के कारण चित्तौड़गढ़ जिला सीमेंट उत्पादन के लिए आदर्श जिला माना जाता है। राज्य के प्रमुख सीमेंट में बिड़ला सीमेंट वर्क्स, उदयपुर सीमेंट वर्क्स, मंगलम सीमेंट, जे.के. व्हाइट सीमेंट, श्री सीमेंट, जे.के. सीमेंट वर्क्स प्रमुख हैं।
(3) शक्कर उद्योग- यह कृषि आधारित उद्योग है जिसका कच्चा माल गन्ना है। राज्य की पहली शक्कर मिल 1932 में मेवाड़ चीनी मिल्स चित्तौड़गढ़ में स्थापित की गई थी, जो वर्तमान में बंद है। एक शक्कर मिल श्रीगंगानगर जिले में स्थित है।
(4) अन्य उद्योग- इसके अतिरिक्त राज्य में कांच उद्योग (धौलपुर, उदयपुर), वनस्पति घी उद्योग (जयपुर, कोटा, भरतपुर, चित्तौड़गढ़, श्रीगंगानगर) तथा नमक उद्योग (नागौर) आदि हैं।
⭐ 3. अन्य महत्त्वपूर्ण प्रश्नोत्तर
बहुविकल्पात्मक प्रश्न (MCQs), रिक्त स्थान, अतिलघूत्तरात्मक एवं लघूत्तरात्मक परीक्षा उपयोगी प्रश्नोत्तर।
अन्य महत्वपूर्ण प्रश्न
वस्तुनिष्ठ प्रश्न-
1. जहाँ पर प्राथमिक क्रियाकलाप से कच्चा पदार्थ प्राप्त कर उसमें परिवर्तन कर, उसके मूल्य एवं उपयोगिता में वृद्धि की जाती है, उसे कहते हैं—
(ब) द्वितीयक व्यवसाय
(द) उपर्युक्त में से कोई नहीं
2. द्वितीयक व्यवसाय का उदाहरण है—
3. जिस जिले में सरसों की अधिक पैदावार के कारण तेलघानी व लघु उद्योग पाए जाते हैं, वह जिला है—
(ब) कोटा
(द) भीलवाड़ा
4. राजस्थान में कृषि आधारित उद्योगों के विकास हेतु फूड पार्क विकसित किए गए हैं—
(ब) जोधपुर में
(द) उपर्युक्त सभी में।
5. देश का 90 प्रतिशत फॉस्फेट प्राप्त किया जाता है—
(ब) महाराष्ट्र से
(द) बिहार से
6. जयपुर में जो बाजार सोने-चाँदी के आभूषणों एवं रत्नों के लिए एक विश्व विख्यात केन्द्र है, वह है—
(ब) चांदपोल बाजार
(द) रामगंज बाजार
7. राजस्थान का मेनचेस्टर किसे कहा जाता है—
(ब) जयपुर को
(द) भीलवाड़ा को
8. ऊनी खादी में कम्बल प्रसिद्ध हैं—
(ब) बीकानेर के
(द) उदयपुर के
9. मूँगफली की खल एवं तेल से संबंधित उद्योग संचालित हैं—
(ब) बूँदी में
(द) पाली में
10. राज्य में लाल पत्थर के उद्योग का विकास हुआ है—
(ब) धौलपुर में
(द) कोटा में
11. राज्य का पहला सीमेन्ट कारखाना खोला गया—
(ब) कोटा जिले में
(द) उदयपुर जिले में
12. राज्य का सबसे बड़ा सेज स्थापित किया गया है—
(ब) कोटा में
(द) जोधपुर में
उत्तर-1.
(ब) 2.
(द) 3.
(अ) 4.
(द) 5.
(स) 6.
(स) 7.
(द) 8.
(ब) 9.
(स) 10.
(ब) 11.
(अ) 12.
(स)।
रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए—
1. ................. सीमेन्ट उद्योग में भारत का अग्रणी राज्य माना जाता है।
2. राजस्थान राज्य का सबसे बड़ा सेज (SEZ) ................. में स्थापित किया गया है।
3. तकनीकी सहायता से, कच्चे माल से हमारे उपयोग में आने वाली वस्तुओं का निर्माण करने वाली इकाई ................. कहलाती है।
4. राजस्थान में सर्वाधिक उपलब्ध खनिज ................. है।
5. ................. इंग्लैंड में स्थित एक स्थान का नाम है, जो विश्व का प्रमुख वस्त्र उत्पादक क्षेत्र था।
6. कुटीर एवं लघु उद्योगों के ................. के लिए राजस्थान लघु उद्योग निगम ................. है।
7. हथकरघा उद्योग बहुत कम ................. के निवेश पर भी ................. प्रदान करते हैं।
8. राजस्थान में पत्थरों की कटाई, ................. एवं ................. से संबंधित कई लघु एवं कुटीर उद्योगों का विकास हुआ है।
उत्तर-1. राजस्थान 2. सीतापुरा (जयपुर) 3. उद्योग 4. रॉक फास्फेट 5. मेनचेस्टर 6. विकास, प्रयासरत 7. पूँजी, रोजगार 8. पालिश, घिसाई।
स्तंभ 'अ' को स्तंभ 'ब' से सुमेलित कीजिए—
स्तंभ 'अ' | स्तंभ 'ब' |
1. लाल पत्थर | (अ) जैसलमेर |
2. पीला पत्थर | (ब) जालौर |
3. ग्रेनाइट | (स) नागौर |
4. नमक उद्योग | (द) कोटा-बूँदी |
5. तिल्ली की खल व तेल उद्योग | (य) धौलपुर |
उत्तर-1. (य) 2.
(अ) 3.
(ब) 4.
(स) 5.
(द)
अतिलघूत्तरात्मक प्रश्न—
प्रश्न 1. औद्योगिक इकाई से क्या आशय है?
उत्तर-औद्योगिक इकाई का अर्थ किसी एक विशेष उद्योग से है।
प्रश्न 2. उद्योग किसे कहते हैं?
उत्तर-तकनीकी सहायता से, कच्चे माल से हमारे उपयोग में आने वाली वस्तुओं का निर्माण करने वाली इकाई उद्योग कहलाती है।
प्रश्न 3. द्वितीयक व्यवसाय के कोई दो उदाहरण दीजिए।
उत्तर-(i) कपास से कपड़ा बनाना (ii) गन्ने से शक्कर बनाना आदि द्वितीयक व्यवसाय हैं।
प्रश्न 4. देश का 90 प्रतिशत रॉक फास्फेट किस राज्य में मिलता है?
उत्तर-राजस्थान में।
प्रश्न 5. राजस्थान में कुटीर एवं लघु उद्योगों के विकास के लिए कौनसी संस्था प्रयासरत है?
उत्तर-कुटीर एवं लघु उद्योगों के विकास के लिए राजस्थान लघु उद्योग निगम प्रयासरत है।
प्रश्न 6. राजस्थान में हथकरघा से निर्मित की जाने वाली किन्हीं चार वस्तुओं के नाम लिखो।
उत्तर-(i) ऊनी शॉल, (ii) कोटा डोरियां साड़ियाँ, (iii) दरियाँ तथा (iv) निवार आदि राजस्थान में हथकरघा से निर्मित की जाती हैं।
प्रश्न 7. राजस्थान में ऊनी खादी में क्या-क्या प्रसिद्ध हैं?
उत्तर-राजस्थान में ऊनी खादी में जैसलमेर की बरड़ी, बीकानेर के कम्बल, जैसलमेर और जोधपुर की मेरिनो खादी प्रसिद्ध हैं।
प्रश्न 8. राजस्थान राज्य में कोई तीन कृषि आधारित उद्योगों के नाम लिखिए।
उत्तर-राजस्थान में (i) दलहन फसलों से दालें बनाना, (ii) गन्ने के रस से गुड़ व खांडसारी बनाना तथा (iii) तेलघानी उद्योग प्रमुख कृषि आधारित उद्योग हैं।
प्रश्न 9. राजस्थान में फूड पार्क कहाँ विकसित किए गए हैं?
उत्तर—राजस्थान में अलवर, जोधपुर, कोटा, श्रीगंगानगर में रीको द्वारा फूड पार्क विकसित किए गए हैं।
प्रश्न 10. खनिज आधारित उद्योग कौनसे होते हैं?
उत्तर—वे उद्योग जो खनिजों एवं धातुओं को कच्चे माल के रूप में प्रयोग में लाते हैं, खनिज आधारित उद्योग कहलाते हैं।
प्रश्न 11. राजस्थान में सर्वाधिक खनिज कौनसा है?
उत्तर—राजस्थान में सर्वाधिक उपलब्ध खनिज रॉक फास्फेट है।
प्रश्न 12. राजस्थान में वस्त्रों की रंगाई-छपाई तथा बंधेज कार्य के प्रमुख केन्द्र कौनसे हैं?
उत्तर—वस्त्रों की रंगाई-छपाई तथा बंधेज कार्य हेतु जयपुर (सांगानेर, बगरू), जोधपुर, चूरू, बीकानेर, नागौर प्रमुख केन्द्र हैं।
प्रश्न 13. राजस्थान राज्य का पहला सीमेंट कारखाना कब और कहाँ खोला गया था?
उत्तर—राजस्थान राज्य का पहला सीमेंट कारखाना 20वीं सदी के दूसरे दशक में बूंदी जिले स्थित लाखेरी में खोला गया था।
लघूत्तरात्मक प्रश्न-I
प्रश्न 1. आर्थिक क्रियाओं से क्या आशय है?
उत्तर—आर्थिक क्रियाएँ—धन की प्राप्ति हेतु किए जाने वाले वे समस्त क्रियाकलाप जिनसे मानव अपने और अपने परिवार का भरण-पोषण और जीवनयापन करता है, सामान्यतः आर्थिक क्रियाएँ कहलाती हैं। जैसे—कृषि, पशुपालन, वानिकी, खनन, विनिर्माण, परिवहन और अन्य कई सेवाएँ आदि।
प्रश्न 2. राजस्थान में लघु एवं वृहद स्तर के उद्योगों की स्थापना किसलिए की गई है?
उत्तर—राजस्थान राज्य में औद्योगिक वातावरण बनाने, स्थानीय संसाधनों के अधिकतम उपयोग करने, उत्पादकता में सुधार करने तथा बुनियादी ढाँचे को विकसित करने के लिए लघु एवं वृहद स्तर के कई उद्योगों की स्थापना की गई है।
प्रश्न 3. राजस्थान के प्रमुख उद्योगों के उदाहरण दीजिए।
उत्तर—राजस्थान के प्रमुख वृहद उद्योग हैं—(1) सूती वस्त्र उद्योग (2) सीमेंट उद्योग (3) शक्कर उद्योग। इसके अलावा राज्य में धौलपुर, उदयपुर में कांच उद्योग, जयपुर, कोटा, भरतपुर, चित्तौड़गढ़, श्रीगंगानगर में वनस्पति घी उद्योग और नागौर में नमक उद्योग हैं।
प्रश्न 4. राजस्थान के किन्हीं चार कुटीर उद्योगों के उदाहरण दीजिए।
उत्तर—राजस्थान के चार प्रमुख कुटीर उद्योग हैं—(1) हथकरघा उद्योग (2) अगरबत्ती उद्योग (3) चर्म उद्योग (4) मिट्टी के बर्तन निर्माण उद्योग।
प्रश्न 5. राजस्थान लघु उद्योग निगम से आप क्या समझते हैं?
उत्तर—कुटीर एवं लघु उद्योगों के विकास के लिए राजस्थान लघु उद्योग निगम प्रयासरत है। यह निगम रियायती दरों पर ऋण, तकनीकी सहायता व विपणन की सुविधाएँ प्रदान करता है।
प्रश्न 6. वर्तमान में राजस्थान में औद्योगिक विकास किस कारण से तेजी से हो रहा है?
उत्तर—वर्तमान में राजस्थान में औद्योगिक विकास तेजी से हो रहा है। इसका प्रमुख कारण यह है कि वर्तमान में विभिन्न विकास योजनाओं के माध्यम से विकास हेतु आवश्यक सुविधाओं, जैसे—कच्चे माल की उपलब्धता, ऊर्जा के साधन, जल परिवहन, संचार एवं बैंकिंग व्यवस्था आदि का विस्तार किया गया है।
लघूत्तरात्मक प्रश्न-II
प्रश्न 1. राजस्थान में विद्यमान लघु व कुटीर उद्योगों की प्रमुख समस्याओं का उल्लेख कीजिए।
उत्तर—राजस्थान राज्य में लघु व कुटीर उद्योगों की प्रमुख समस्यायें ये हैं—(i) वित्तीय साधनों की कमी (ii) कच्चे माल की कमी, (iii) सीमित बाजार, (iv) उत्पादित वस्तुओं की गुणवत्ता में कमी, (v) ऊर्जा की कमी, (vi) अवशिष्ट पदार्थों के उपयोग की सीमित संभावना, (vii) अनुसंधान और आधुनिक प्रौद्योगिकी की जानकारी का अभाव आदि।
प्रश्न 2. हथकरघा उद्योग की कोई चार विशेषताएँ लिखिए।
उत्तर—हथकरघा उद्योग की विशेषताएँ—
(i) हथकरघा उद्योग में अधिकांश कार्य हाथों से या छोटी-छोटी मशीनों एवं उपकरणों द्वारा किया जाता है।
(ii) ये उद्योग बहुत कम पूँजी के निवेश पर भी रोजगार प्रदान करते हैं।
(iii) राजस्थान के अनेक जिलों में प्रायः बुनकर इस कार्य को करते हैं।
(iv) राज्य में ऊनी शॉल, कोटा डोरियां, दरियाँ, निवार आदि का निर्माण हथकरघा से किया जाता है।
प्रश्न 3. राजस्थान सरकार द्वारा बुनकरों को किस रूप में सहायता दी जाती है?
उत्तर—राजस्थान सरकार द्वारा (i) बिक्री कर में छूट, (ii) बिक्री केन्द्रों की स्थापना, (iii) कार्यशील पूँजी हेतु ब्याज का अनुदान तथा (iv) यातायात अनुदान के रूप में बुनकरों को सहायता दी जाती है।
प्रश्न 4. राजस्थान में तीन प्रमुख कृषि आधारित उद्योगों का उल्लेख कीजिए।
उत्तर—राजस्थान के तीन प्रमुख कृषि आधारित उद्योग—
(i) दाल उद्योग- राज्य में दलहन फसलों से दालें बनाना एक महत्त्वपूर्ण उद्योग है। यहाँ चना, मूंग, उड़द, चौले की दाल से संबंधित उद्योग अनेक जिलों में पाए जाते हैं।
(ii) गुड़-खांडसारी उद्योग- यहाँ कोटा, बूंदी, भीलवाड़ा और उदयपुर जिलों में गन्ने के रस से गुड़ व खांडसारी का निर्माण किया जाता है।
(iii) तेलघानी उद्योग- यहाँ अलवर, भरतपुर, सवाई माधोपुर, जयपुर आदि जिलों में सरसों की अधिक पैदावार के कारण तेलघानी उद्योग पाए जाते हैं। अजमेर जिले में मूंगफली की खल एवं तेल से तो कोटा, बूंदी, बारां व पाली जिलों में तिल्ली की खल व तेल से संबंधित उद्योग कार्यरत हैं।
निबन्धात्मक प्रश्न-
प्रश्न 1. 'राजस्थान खनिज की दृष्टि से एक संपन्न राज्य है।' इस कथन को स्पष्ट करते हुए राजस्थान में प्रमुख खनिज आधारित लघु उद्योगों का उल्लेख कीजिए।
उत्तर- राजस्थान खनिज की दृष्टि से एक संपन्न राज्य है। यहाँ अनेक प्रकार के खनिज मिलते हैं। यही कारण है कि राजस्थान को खनिजों का अजायबघर कहा जाता है। खनिजों की विभिन्नता व बहुतायत के कारण ही यहाँ अनेक खनिज आधारित उद्योग विकसित हुए हैं।
खनिज आधारित उद्योग- वे उद्योग जो खनिज एवं धातुओं को कच्चे माल के रूप में प्रयोग में लाते हैं, खनिज आधारित उद्योग कहलाते हैं।
राजस्थान के प्रमुख खनिज आधारित उद्योग निम्नलिखित हैं-
(1) रॉक फास्फेट उद्योग- राजस्थान में सर्वाधिक उपलब्ध खनिज रॉक फास्फेट है। देश का 90 प्रतिशत फॉस्फेट यहाँ मिलता है। राजस्थान में उदयपुर, जैसलमेर, सीकर, बांसवाड़ा जिलों में रॉक फास्फेट से संबंधित उद्योग संचालित हो रहे हैं।
(2) सीसा-जस्ता उद्योग- सीसा-जस्ता भी राजस्थान में पाया जाने वाला प्रमुख खनिज है। उदयपुर, भीलवाड़ा, राजसमंद, सवाई माधोपुर, अलवर में इससे जुड़े उद्योग हैं।
(3) तांबा उद्योग- राज्य में झुंझुनूं, उदयपुर, अलवर, सिरोही, बीकानेर, सीकर में तांबे से जुड़े उद्योग चल रहे हैं।
(4) टंगस्टन उद्योग- राज्य में नागौर, सिरोही और पाली में टंगस्टन उद्योगों का संचालन हो रहा है।
(5) अन्य खनिज उद्योग- जिप्सम, अभ्रक, चूना पत्थर, लौह-अयस्क, मैंगनीज से जुड़े उद्योग भी राजस्थान की अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान कर रहे हैं।
(6) सोने-चाँदी तथा पीतल उद्योग- राज्य में सोने, चाँदी एवं पीतल के आभूषण विभिन्न नगरों एवं कस्बों में बनाए जाते हैं।
(7) रत्न उद्योग- विभिन्न प्रकार के रत्नों की घिसाई, कटाई और पालिश एक प्रमुख कुटीर उद्योग बन गया है।
(8) पत्थर उद्योग- राजस्थान में पत्थरों की कटाई, पालिश, एवं घिसाई से संबंधित कई लघु एवं कुटीर उद्योगों का विकास हुआ है। यहाँ संगमरमर, लाल पत्थर, पीला पत्थर, कोटा स्टोन एवं ग्रेनाइट उद्योग का विकास हुआ है।
प्रश्न 2. राजस्थान के किन्हीं तीन वृहद् उद्योगों का वर्णन कीजिए।
उत्तर- वृहद् उद्योग
राजस्थान राज्य में वर्तमान में वृहद् उद्योगों का भी तेजी से विकास हो रहा है। कुछ प्रमुख वृहद् उद्योग निम्नलिखित हैं-
(1) सूती वस्त्र उद्योग- (i) यह राजस्थान का सबसे प्राचीन उद्योग है।
(ii) वर्तमान में भीलवाड़ा राजस्थान का प्रमुख वस्त्र उत्पादक क्षेत्र है।
(iii) वस्त्रों की रंगाई-छपाई तथा बंधेज कार्य हेतु जयपुर (सांगानेर, बगरू), जोधपुर, चूरू, बीकानेर, नागौर प्रमुख केन्द्र हैं।
(iv) राज्य में हनुमानगढ़, श्रीगंगानगर एवं गुलाबपुरा (भीलवाड़ा) की सहकारी वस्त्र मिलों को मिलाकर राजस्थान राज्य सहकारी स्पिनिंग एवं जिनिंग मिल संघ की स्थापना की गई है जिसे 'स्पिनफेड' कहा जाता है।
(2) सीमेंट उद्योग-(i) राजस्थान सीमेंट उद्योग में भारत का अग्रणी राज्य माना जाता है। सीमेण्ट उत्पादन के लिए चूना पत्थर, जिप्सम एवं कोयला प्रमुख कच्चा माल है। चूना पत्थर एवं जिप्सम राज्य में पर्याप्त मात्रा में मिलता है लेकिन कोयला मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ आदि अन्य राज्यों से मंगाया जाता है।
(ii) कच्चे माल की उपलब्धि के कारण चित्तौड़गढ़ जिला सीमेंट उत्पादन के लिए आदर्श जिला माना जाता है।
(iii) राज्य के प्रमुख सीमेंट में बिड़ला सीमेंट वर्क्स (चित्तौड़गढ़), उदयपुर सीमेंट वर्क्स (उदयपुर), मंगलम सीमेंट (कोटा), जे.के. व्हाईट सीमेंट (नागौर), श्री सीमेण्ट (ब्यावर), जे.के. सीमेंट वर्क्स (निम्बाहेड़ा) प्रमुख हैं।
(iv) राज्य का पहला सीमेंट कारखाना 20वीं सदी के दूसरे दशक में बूंदी जिले में स्थित लाखेरी में खोला गया था।
(3) शक्कर उद्योग- शक्कर उद्योग एक कृषि आधारित उद्योग है जिसका कच्चा माल गन्ना है। राजस्थान की पहली शक्कर मिल 1932 ई. में मेवाड़ चीनी मिल्स, चित्तौड़गढ़ जिले के भूपालसागर में निजी क्षेत्र में स्थापित की गई थी, जो वर्तमान में बंद है। एक शक्कर मिल श्रीगंगानगर जिले में स्थित है। बूंदी जिले के केशोरायपाटन में भी एक शक्कर मिल है।