India’s Gifts to the World [विश्व को भारत के उपहार]

How Yoga Heals [योग कैसे स्वस्थ करता है] Timothy Burgin

About the Lesson (पाठ के बारे में)

टिमोथि बॅजिन Yogabasics.com के संस्थापक तथा कार्यकारी निदेशक हैं व एक प्रमाणित तथा जाने-पहचाने योग शिक्षक, एक्युपंक्वरिस्ट (सुंईदाब चिकित्सक), डिजाइनर तथा लेखक हैं। आपने योग शिक्षा का प्रशिक्षण प्राप्त किया और समस्त संसार के योग के विद्यार्थियों तथा वैसे ही आम लोगों के लिए एक online resource guide का सृजन किया। विश्व को नि:स्वार्थ सेवाएं देने के लिए आपने योग, प्राणायाम व ध्यान सिखाने के अपने उद्देश्य को जारी रखा है।

About the Lesson (पाठ के बारे में)-How Yoga Heals योग की विभिन्न शारीरिक मुद्राएँ (आसन), श्वास तकनीकें (प्राणायाम) तथा मनन क्रिया (ध्यान) के साथ-साथ योग के अपार लाभों पर

है। योग स्वस्थ जीवन के एक प्रभावी तथा बहुउद्देश्यीय माध्यम के रूप में तनाव दूर करने तथा अनेक स्वास्थ्य समस्याओं के निदान करने के रूप में प्रस्तुत किया जाता है। योग विस्तृत समग्र दृष्टिकोण का

प्रयोग करता है जो शान्ति, आनन्द, अच्छा स्वास्थ्य, सामंजस्य तथा चहुँमुखी फिटनेस पर ध्यान केन्द्रित करता है। Timothy Burgin योग व तनाव व बीमारी के बीच एक सम्बन्ध सृजित कर भारतीय योग की वैज्ञानिक भूमिका की प्रशंसा करता है। यह अमेरिकन योग विशेषज्ञ योग प्रणाली पर आधारित स्वस्थ जीवन शैली के प्राचीन भारतीय तरीके का यहाँ वर्णन करता है तथा इसे आधुनिक अस्वस्थ वातावरण में शेष विश्व के लिए एक बेशकीमती उपहार के रूप में मान्यता देता है।

(कठिन शब्दार्थ एवं हिन्दी अनुवाद)

It has become common……… ………..mellitus, etc. (Page 28)

कठिन शब्दार्थ : common knowledge (कॉमन् नॉलिज्) = सामान्य ज्ञान की बात। currently (करट्लि ) = वर्तमान में । therapy (थेरपि) = (किसी शारीरिक समस्या या बीमारी का) इलाज। infertility (इन्फटिलटी) = निस्संतानता की बीमारी, बाँझपन। lung (लंग) = फेंफड़ा। multiple sclerosis (मल्टिपल स्क्लेरोसिस) = स्नायु संस्थान की वह बीमारी जिसमें रोगी का स्पर्श और गति एवं बोलचाल पर नियन्त्रण समाप्त हो जाता है। Parkinson’s disease (पाकिसन्ज डिजीज) = स्नायु रोग जिसमें अंग कमजोर हो जाते हैं और हाथ-पैर कम्पन करते रहते हैं। insomnia (इन्सॉनिआ) = अनिद्रा की बीमारी। blood pressure (ब्लड प्रेश(र)) = रक्तचाप । joint pain (जॉइन्ट पेन्) = जोड़ों का दर्द । awareness (अवेयरनेस) = चेतना, जानकारी, जागृति। understanding (अन्डस्टैन्डिङ्) = समझ, बोध। heals (हील्स) = स्वास्थ्य लाभ कराता है। communities (कम्यूनटिज) = समुदाय। key (की) = मुख्य बात (समझने की)। stress (स्ट्रैस) = तनाव। Medical (मेडिक्ल) = चिकित्सा विज्ञान का। research (रिसच्) = शोध, खोज। estimates (एसटिमट्स) = अनुमान है। stress related (स्ट्रेस रिलेटिड्) = तनाव से जुड़ी हुई, तनाव से उत्पन्न। linked (लिंक्ड) = जोड़ा गया है। overactive (ओवर एक्टिव) = अत्यधिक क्रियाशील। response (रिस्पॉन्स) = प्रतिक्रिया । cardio-vascular (काडिओ वैसक्यल(र)) = हृदय और रक्त संचार से सम्बन्धित। depression (डिप्रेशन्) = निराशा, अवसाद | anxiety (ऐन्गजाइअटि) – चिंता, भय, तनाव। diabetes mellitus (डाइअबीटीज् मिलीट्स) = मधुमेह की बीमारी।

हिन्दी अनुवाद-यह एक सामान्य ज्ञान की बात हो गई है कि योग आपके लिए अच्छा है। आजकल योग का प्रयोग कैंसर, संतानहीनता (बाँझपन), फुफ्फुस (फेंफड़ा) रोग, शरीर व्यापी स्नायु दुर्बलता, पार्किंसन्स की बीमारी, अनिद्रा, उच्च रक्तचाप और जोड़ों के दर्द के इलाज के लिए किया जाने लगा है। फिर भी योग

और चिकित्सा विशेषज्ञों में भी इस बात की बहुत कम सही चेतना और समझ है कि योग कैसे स्वास्थ्य-लाभ प्रदान करता है। मूल बात तनाव, योग और बीमारी के बीच पारस्परिक सम्बन्ध समझने की है।

चिकित्सा विज्ञान का अनुमान है कि तुलनात्मक रूप में 90 प्रतिशत बीमारियाँ तनाव से जुड़ी हुई हैं। बहुत-सी बीमारियों और परेशानियों में से कुछ, जो अत्यधिक तनाव के कारण होती हैं, में हृदय और रक्त संचार के रोग, अवसाद, चिंता और कुछ प्रकार के मधुमेह (बीमारी) भी शामिल हैं।

What we feel…………………………………………………healing abilities. (Page 28),

कठिन शब्दार्थ : sympathetic nervous system (सिम्पथेटिक् नवस् सिस्टम्) = स्नायु संस्थान का वह कार्य जो हमको किसी काम के लिए तैयार करता है, खतरे का मुकाबला करना या डर कर भाग जाने के लिए तैयार करता है। sympathetic (सिम्पथेटिक) = संवेदनशील (सहानुभूति प्रकट करने वाले)। fight or flight (फाइट ऑर फ्लाइट) = लड़ो या भाग जाओ। response (रिस्पॉन्स) = प्रतिक्रिया। instantaneous (इन्स्ट नटेनिअस्) = तुरंत | surge (सज्) = उठाव। cardiac output (काडिऐक्

आउट्पुट) = हृदय की रक्त संचार क्षमता। sweating (स्वेटिंग) = पसीना आना। shallow breathing (शैलो ब्रीदिंग) = छोटी सांस। metabolism (मटैबलिजम्) = प्राणियों के शरीर में होने वाली रासायनिक प्रक्रिया जो भोजन को ऊर्जा में बदलती है। tensing (टेंसिंग) = (मांसपेशियों का) खिंचाव। digestion (डाइजेस्चन) = पाचन क्रिया। elimination (इलिमिनेशन्) = मल का निष्कासन। organs (आगन्ज) = अंग। short term (शॉट् टम्) = थोड़े समय के लिए। threat (थ्रेट्) = खतरा । fleeing (फ्लीइंग) = दूर भाग जाना। exposure (इक्स्पोश(र)) = शिकार बने रहना। excess (इक्सेस्) = अत्यधिक। wear and tear (वेय(र) ऐन्ड टिअ(र)) = क्षरण, टूट-फूट। severely (सिविअली) = बहुत ज्यादा। limiting (लिमिटिंग) = सीमित करना। maintenance (मन्टन्स) = रख-रखाव।

हिन्दी अनुवाद-जिसे हम तनाव कहते हैं या जिसे हम तनाव जैसा महसूस करते हैं, वह हमारे संवेदनशील स्नायु तन्त्र की उपज है अथवा शरीर की लड़ो या भाग जाओ की प्रतिक्रिया है! हृदयगति में तुरन्त ही उत्पन्न होने वाला एक उठाव है, अर्थात् हृदय की गति बहुत तेज हो जाती है, हृदयिक ऊर्जा है, रक्तचाप ऊँचा हो जाता है, पसीना आता है, साँसों की गति कम गहरी हो जाती है, ऊर्जा निर्माण तीव्र हो जाता है और मांसपेशियाँ खिंच जाती हैं। शरीर के अन्दर ‘लड़ो या भाग जाओ’ की प्रतिक्रिया पाचन क्रिया व मल निष्कासन को बन्द कर देती है और आन्तरिक अंगों में रक्त संचार को कम कर देती है। थोड़े समय के लिए तो यह तनाव की प्रतिक्रिया एक अच्छी चीज है। लड़ो या भाग जाओ’ हमें किसी भी प्रकार के वातावरणीय खतरे के निष्पादन के लिए तैयार करता है जिसका हम या तो मुकाबला करें या उससे दूर भाग जाएँ। लेकिन लम्बे समय तक यह तनाव निरन्तर बने रहना हानिकारक है क्योंकि यह शरीर के अन्दर अत्यधिक टूट-फूट (क्षरण) पैदा करता है और यह शरीर की स्वाभाविक (सामान्य) रख-रखाव एवं स्वास्थ्य लाभ प्रदान करने वाली क्षमता को कम कर देता है।

Chronic stress……………………………………………………..depression. (Page 28)

कठिन शब्दार्थ : chronic (क्रॉनिक्) = लम्बे समय तक बने रहने वाला। cortisol (कॉटिसोल) अत्यधिक तनाव से पैदा होने वाला हार्मोन। regulation (रेग्युलेशन्) = नियन्त्रण। excessive (इक्सेसिव्) = जरूरत से ज्यादा । suppress (सप्रेस्) = कम करना। immune (इम्यून्) = रोग प्रतिरोधक क्षमता। deep disturbances (डीप डिस्टबेन्स्ज ) = गहरी शारीरिक गड़बड़ियाँ। appetite (एपिटाइट) = भूख। cholesterol (कलेस्टरॉल) = शरीर में पाया जाने वाला एक तत्त्व-जो अधिक होने पर हृदय रोग पैदा कर देता है। heart attack (हार्ट अटैक) = हृदयाघात। strokes (स्ट्रोक्स) = मस्तिष्क के रक्त संचार में रुकावट होना। sedatives (सेडटिव्ज) = निद्रा कारक। depression (डिप्रेश्न्) = निराशा।

हिन्दी अनुवाद-लम्बे समय तक बने रहने वाला तनाव कोर्टिसोल हार्मोन की मात्रा बढ़ा देता है। जब यह हार्मोन सामान्य स्तर पर रहता है तो शरीर को सक्रिय और स्वस्थ रखता है (यह ऊर्जा निर्माण और रक्तचाप को ठीक स्तर पर बनाये रखता है। लेकिन कोर्टिसोल की अत्यधिक मात्रा हमारी रोग प्रतिरोधक प्रणाली को दबा देती है, निद्रा भंग करती है और भूख को खत्म कर देती है। अधिक कोर्टिसोल की मात्रा हृदय गति बढ़ा सकती है तथा रक्तचाप, कोलेस्ट्रोल और ट्राइग्लिसराइड स्तर को ऊँचा उठा सकती है (जो हृदयाघात

और मस्तिष्क में रक्त संचार के लिये जोखिम के तत्त्व है)। कोर्टिसोल से उत्पन्न तत्त्व निद्रा लाने वाले तत्त्वों के रूप में काम करते हैं जिससे हमारी मानसिक स्थिति में शिथिलता और अवसाद पैदा हो जाते हैं।

Fortunately, …….. ………….maintenance tasks. (Pages 28-29)

कठिन शब्दार्थ : Counter balance (काउन्ट(र) बैलन्स्) = प्रतिरोध से सन्तुलन बनाना। parasympathetic nervous system (पेरासिम्पेथेटिक नवस् सिस्टम) = उत्तेजित स्थिति में शरीर को शान्त करने वाला स्नायु तन्त्र । relaxation response (रिलैक्सेशन रिस्पॉन्स्) = तनाव कम करने की शरीर की प्रतिक्रिया। activated (ऐक्टिवेट्ड) = सक्रिय होना। stressor (स्ट्रेस(र)) = तनाव का कारण, तनाव उत्पन्न करने (देने) वाला। consciously (कॉन्शसलि) = इच्छानुसार। deepening (डीपनिंग) = गहरा करना। skeletal (स्केलिट्ल) = हड्डियों से जुड़ी हुईं। lowers (लोअ(र)स) = कम कर देता है। respiration (रेस्पिरेशन) = श्वास क्रिया, सांस की रफ्तार | reproductive (रिप्रडक्टिव) = पुनईत्पादक। glandular (ग्लैन्ड्यु ल(र)) = ग्रन्थियों में। promotion (प्रमोशन्) = आगे बढ़ाना। resources (रिसॉस्ज)= साधन | obviously (ऑब्वियसली)= स्पष्ट रूप से, जाहिर है कि। frequency (फ्रीक्वन्सि) = बारंबारता | preventive (प्रिवेटिव) = रोग प्रतिरोधक।

हिन्दी अनुवाद-सौभाग्य से हमारे शरीर में ‘लड़ो या भाग जाओ’ की प्रतिक्रिया को दबा कर रोक देने की प्रक्रिया भी मौजूद है जो पेरासिंपेथेटिक नर्वस सिस्टम अथवा स्नायु शिथिलीकरण प्रतिक्रिया कहलाती है। पैरासिंपेथेटिक स्नायु संस्थान तब काम शुरू करता है जब खतरा निकल जाता है या खत्म हो जाता है, लेकिन इसे चैतन्यरूप में गहरी सांस लेकर मांसपेशियों को शिथिल करके भी सक्रिय किया जा सकता है।

सक्रिय होने पर पैरासिंपेथेटिक स्नायु संस्थान रक्तचाप, हृदयगति, सांस गति को कम कर देता है। पाचन प्रणाली और मल निष्कासन को तेज (उत्तेजित) कर देता है तथा रक्त को पाचन संस्थान, पुनर्डत्पादक, ग्रन्थि संस्थान, रोग प्रतिरोधक प्रणाली इत्यादि की तरफ भेज देता है—जो लम्बे समय तक स्वास्थ्यवर्धन के लिए आवश्यक भी है। इस शिथिलीकरण की प्रतिक्रिया को हम विश्राम और नवीनीकरण (पुनः तरो-ताजा हो जाने) की प्रक्रिया भी कहते हैं क्योंकि इससे शरीर को स्वस्थ बनाने एवं रोगों से लड़ने की क्षमता बढ़ाने का समय और शक्ति मिलती है। स्पष्ट है कि शिथिलीकरण की बारंबारता, समयावधि और गहराई बढ़ाकर हम अपने शरीर को ही बीमारी से मुक्त होने का अवसर नहीं देते बल्कि हम शरीर को रोग प्रतिरोधक औषधि के उपयोग को बढ़ाने का भी अवसर देते हैं। इस प्रक्रिया से हम शरीर को अपने सभी आवश्यक कार्य पूरा करने के अवसर भी प्रदान करते हैं।

Yoga’s emphasis. …………………..healing abilities. (Page 29)

कठिन शब्दार्थ : emphasis (एमफसिस) = जोर डालना। activates (ऐकटिवेट्स) = सक्रिय करती है। promotes (प्रोमोट्स) = बढ़ाता है। function (फक्श्न् ) = कार्य। decrease (डीक्रीस्) = घटाना| meditative (मेडिटेट्व) = ध्यान लगाना। reduce (रिड्यूस) = कम करना। responsiveness (रिस्पॉन्सिव्नेस) = प्रतिक्रिया करने की प्रवृत्ति । stressors (स्ट्रेसर्स) = तनाव पैदा करने वाले कारण या घटनाएँ। lessen (लेस्न्) = कम करना। intensity (इन्टेन्सटि) = गहनता | potential (पटेन्श्ल ) = सम्भावित । entirely (एंटायरली) = पूरी तरह । inherent (इन्हिअरन्ट) = जन्मजात, स्वाभाविक।

हिन्दी अनुवाद-लम्बी गहरी श्वास और चेतनापूर्ण श्वास की शिथिलता पर योग का बल (जोर) देना शिथिल (पैरासिम्पेथेटिक) स्नायु तन्त्र को और चेतनापूर्ण शिथिलता को सक्रिय कर देता है और उसके पुनः तरोताजा हो जाने की कार्यप्रणाली को उन्नत कर देता है। तथ्य तो यह है कि अभी किये गये एक अनुसंधान से पता चला है कि योग हमारे रक्त में तनाव पैदा करने वाले कोर्टिसोल हार्मोन की मात्रा कम करता है। योग ध्यान एकाग्र करने की क्रियाओं से मस्तिष्क की तनाव बढ़ाने वाले कारकों पर प्रतिक्रिया कम कर देता है। इस प्रकार ‘लड़ो या भागो’ वाली प्रतिक्रिया की गहनता कम हो जाती है। योग हमें यह भी सिखाता है कि तनाव पैदा करने वाले सम्भावित कारण हमारे लिये चुनौती हैं, खतरा नहीं। इस प्रकार यह (योग) किसी भी व्यक्ति को तनावपूर्ण प्रतिक्रिया से पूरी तरह बच निकलने में समर्थ बनता है।

शिथिलतामय स्नायु प्रणाली को सक्रिय करने में योग की सामर्थ्य केवल तनाव को कम करने का और शरीर को स्वत: ही लाभ प्राप्त कराने का काम ही नहीं करती बल्कि योग का अभ्यास शरीर के स्वास्थ्य लाभ प्राप्त करने की सामर्थ्य में भी सुधार करता है।

The inverting…… ………osteoporosis. (Page 29)

कठिन शब्दार्थ : inverting (इन्वटिंग) = शरीर का सिकुड़ना (प्रतिलोमन) । twisting (ट्विस्टिंग) = शरीर मोड़ना (ऐंठन)। compressing (कम्प्रेसिंग) = शरीर को दबाना। occur (अक(र)) = होना। postures (पॉस्च(र)स्) = मुद्राएँ। enhance (इनहांस्) = वृद्धि करना। fluids (फ्लूइड्स) = द्रव पदार्थ। deliver (डिलीवर) = पहुँचाना। lymphatic system (लिम्फैटिक सिस्टम्) = श्वेत रक्त कणिकाओं से युक्त एक रंगहीन द्रव पदार्थ जो शरीर के ऊतकों को साफ करके रोगमुक्त कर देता है तथा रोग के संक्रमण को फैलने से रोकता है। immune system (इम्यून सिस्ट्म्) = रोग प्रतिरोधक संस्थान। inflammation (इनफ्लेमेश्न्) = रोगग्रस्त स्थान पर सूजन। yoga poses (योगा पोजज) = योग की मुद्रायें। range (रेन्ज) = सीमा-विस्तार। motion (मोशन्) = संचालन। flexibility (फ्लेक्सबिलटि) = अंग संचालन में लचीलापन। prevention (प्रीवेंशन) = रोकना। musculoskeletal (मस्क्यूलोस्केलेटल) = पेशियों और हड्डियों से सम्बन्धित । arthritis (आर्धाइटिस) = शरीर के जोड़ों में दर्द और सूजन, गठिया। osteoporosis (ओस्टियोपोरोसिस) = अस्थिभंग, एक रोग जिसमें शरीर की हड्डियाँ कमजोर होकर टूटने लगती हैं।

हिन्दी अनुवाद-योग मुद्राओं में शरीर का सिकोड़ना, मोड़ना, दबाना आदि क्रियाओं के होने से शरीर में रक्त संचार और अन्य द्रवों के संचार को गति मिलती है। इस बढ़े हुए संचार से शरीर को न सिर्फ वे पदार्थ जो शरीर को अन्दर से सुधारने में काम आते हैं, पहुँचाने में शीघ्रता करते हैं बल्कि इससे लिम्फेटिक (लसीका) स्पंदन भी सक्रिय हो जाता है जिससे रोग प्रतिरोधक व्यवस्था को बल मिलता है और रोगयुक्त स्थान पर सूजन की प्रतिक्रिया होती है। योग मुद्राओं से मांस-पेशियों की शक्ति बढ़ती है, अंग संचालन का लचीलापन तथा उसका सीमा-विस्तार बढ़ता है जो शरीर को स्वस्थ रखने में सहायक होते हैं और अस्थि-पेशी संस्थान की बीमारियों को दूर करते हैं जैसे जोड़ों का दर्द और सूजन तथा हड्डियों की कमजोरी।

Yoga’s emphasis……………….healing diseases. (Page 29)

कठिन शब्दार्थ : back bends (बैक बैंड्ज) = पीठ को पीछे की तरफ मोड़ना तथा झुकाना। encourages (इन्करेजिज) = प्रोत्साहन देता है। healthier (हैल्थियर) = अधिक स्वस्थ। life-style (लाइफस्टाइल) = जीवन-शैली। self-awareness (सेल्फ अवेयरनेस) = आत्म-जागृति। modification (मोडिफिकेशन) = परिवर्तन, सुधार। mechanism (मेकनिजम्) = व्यवस्था। adjunct (ऐजक्ट) = अतिरिक्त समय। complementary (कॉम्प्लिमेट्रि) = पूरक, कमी को पूरा करने में सहायक। relied upon (रिलाइड अपोन) = निर्भर रहना। therapy (थैरेपी) = रोग निदान और चिकित्सा।

हिन्दी अनुवाद-योग में गहरी सांस लेने और पीठ मोड़ कर पीछे झुकने पर जोर दिया जाता है जिससे फेफड़ों की क्षमता एवं क्रियाशीलता बढ़ती है। योग का अभ्यास व्यक्ति को सकारात्मक व्यवहार परिवर्तन (सुधार) के लिये आवश्यक आत्म-जागृति और अनुशासन के विकास के द्वारा अधिक स्वस्थ जीवन-शैली बिताने के लिये प्रोत्साहित करता है।

यद्यपि शरीर को स्वास्थ्य-लाभ प्रदान करने की व्यवस्था में योग इतना शक्तिशाली सहारा देने की क्षमता रखता है तो भी योग को एक अतिरिक्त उपाय (अनुलग्नक) या रोग निदान व चिकित्सा की एक पूरक क्रिया के रूप में देखना चाहिए और इसे बीमारियों से छुटकारा दिलाने वाली एकमात्र चिकित्सा पद्धति समझकर केवल इस पर ही निर्भर नहीं रहना चाहिए।