Chapter 17 तारे एवं सौर परिवार

पाठ के अन्तर्गत के प्रश्नोत्तर

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 215

प्रश्न 1.
क्या सभी तारे टिमटिमाते प्रतीत होते हैं? क्या आपको तारे जैसा कोई ऐसा पिण्ड दिखाई देता है जो टिमटिमाता न हो?
उत्तर:
आकाश में सभी पिण्ड टिमटिमाते प्रतीत नहीं होते हैं जो पिण्ड टिमटिमाते प्रतीत नहीं होते हैं वे ग्रह हैं और जो टिमटिमाते हैं, वे तारे हैं।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 216

प्रश्न 1.
क्या सभी आकाशीय पिण्ड समान होते हैं?
उत्तर:
नहीं, सभी आकाशीय पिण्ड समान नहीं होते हैं। उनकी आकृति, साइज एवं स्थिति अलग-अलग होती है।

चन्द्रमा

प्रश्न 1.
क्या चन्द्रमा की आकृति में प्रतिदिन परिवर्तन होता है?
उत्तर:
हाँ, चन्द्रमा की आकृति में प्रतिदिन परिवर्तन होता है।

प्रश्न 2.
क्या ऐसे भी दिन हैं जब चन्द्रमा की आकृति पूर्णतः गोल प्रतीत होती है?
उत्तर:
हाँ, पूर्णिमा के दिन चन्द्रमा की आकृति पूर्णतः गोल प्रतीत होती है।

प्रश्न 3.
क्या ऐसे भी दिन हैं जब स्वच्छ आकाश होने पर भी चन्द्रमा को नहीं देखा जा सकता?
उत्तर:
हाँ, महीने के पन्द्रहवें दिन स्वच्छ आकाश होने पर भी चन्द्रमा को नहीं देखा जा सकता। इस दिन को अमावस्या कहते हैं।

प्रश्न 4.
चन्द्रमा अपनी आकृति में प्रतिदिन परिवर्तन क्यों करता है?
उत्तर:
हमें चन्द्रमा इसलिए दिखाई देता है क्योंकि यह अपने पर पड़ने वाले सूर्य के प्रकाश को हमारी ओर परावर्तित कर देता है, इसीलिए हम चन्द्रमा के उस भाग को देख पाते हैं जिस भाग से सूर्य का परावर्तित प्रकाश हम तक पहुँचता है। बाल चन्द्र के पश्चात् पृथ्वी से देखने पर प्रतिदिन चन्द्रमा के प्रदीप्त भाग में वृद्धि होती जाती है। पूर्णिमा के पश्चात् पृथ्वी से देखने पर चन्द्रमा का सूर्य द्वारा प्रदीप्त भाग प्रतिदिन आकार में घटता जाता है।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 218

प्रश्न 1.
क्या अब आप पूर्णिमा तथा अमावस्या के दिन सूर्य, चन्द्रमा तथा पृथ्वी की सापेक्ष स्थितियों का अनुमान लगा सकते हैं? उनकी स्थितियों को अपनी नोटबुक में आरेखित कीजिए।
उत्तर:
पूर्णिमा के दिन चन्द्रमा, सूर्य और पृथ्वी के बीच में होता है तथा तीनों एक ही सीध में होते हैं। अमावस्या के दिन पृथ्वी, सूर्य और चन्द्रमा के बीच स्थित होती है तथा तीनों एक ही सीध में होते हैं।

प्रश्न 2.
पूर्ण चन्द्रमा देखने के लिए आप आकाश के किस भाग में देखेंगे?
उत्तर:
पूर्ण चन्द्रमा देखने के लिए हम पूर्व भाग में देखेंगे।

प्रश्न 3.
मैंने सुना है कि हम पृथ्वी से चन्द्रमा के पीछे की ओर के भाग को कभी नहीं देखते। क्या यह सही है?
उत्तर:
हाँ, यह सही है।

क्रियाकलाप 17.3

प्रश्न 1.
क्या आपका मित्र आपकी पीठ देख सकता है?
उत्तर:
नहीं, मेरा मित्र मेरी पीठ नहीं देख सकता है।

प्रश्न 2.
एक परिक्रमा करने में आपने कितने घूर्णन पूरे किए?
उत्तर:
एक परिक्रमा करने में मैंने एक घूर्णन पूरा किया।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 219

चन्द्रमा का पृष्ठ

प्रश्न 1.
क्या चन्द्रमा पर किसी प्रकार की जीवन की सम्भावना हो सकती है?
उत्तर:
नहीं, चन्द्रमा पर किसी प्रकार के जीवन की सम्भावना नहीं हो सकती है क्योंकि चन्द्रमा पर न तो वायुमण्डल है और न ही जल।

प्रश्न 2.
क्या हम चन्द्रमा पर कोई ध्वनि सुन सकते हैं?
उत्तर:
नहीं, हम चन्द्रमा पर ध्वनि नहीं सुन सकते हैं क्योंकि चन्द्रमा पर ध्वनि के गमन करने के लिए कोई माध्यम नहीं है।

प्रश्न 3.
अध्याय 13 में हमने सीखा था कि जब कोई माध्यम नहीं होता तो ध्वनि गमन नहीं कर सकती। तब फिर हम चन्द्रमा पर किसी ध्वनि को कैसे सुन सकते हैं?
उत्तर:
ईयर फोन की सहायता से हम चन्द्रमा पर ध्वनि सुन सकते हैं।

तारे

प्रश्न 1.
रात्रि के आकाश में आप अन्य कौन-सी वस्तुएँ देख सकते हैं?
उत्तर:
रात्रि के आकाश में हम असंख्य तारों के साथ ग्रह, चन्द्रमा तथा अन्य खगोलीय पिण्ड देख सकते हैं।

प्रश्न 2.
क्या सभी तारे समान रूप से चमकीले हैं?
उत्तर:
नहीं, सभी तारे समान रूप से चमकीले नहीं हैं। कुछ तारे अधिक चमकीले हैं तथा अन्य बहुत कम चमकीले हैं।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 220

प्रश्न 1.
क्या सभी तारों का रंग एक जैसा है?
उत्तर:
सभी तारे श्वेत प्रकाश उत्सर्जित करते हैं, अतः वे चमकीले दिखाई पड़ते हैं। इसीलिए सभी तारों का रंग एक जैसा प्रतीत होता है।

प्रश्न 2.
अन्य तारों की तुलना में सूर्य इतना अधिक बड़ा क्यों दिखाई देता है?
उत्तर:
सूर्य भी एक तारा है परन्तु बाकी तारे सूर्य की तुलना में लाखों गुना अधिक दूर हैं। पृथ्वी से सूर्य सबसे नजदीक तारा है। यही कारण है कि अन्य तारों की तुलना में इतना अधिक बड़ा दिखाई देता है।

प्रश्न 3.
आपके पास रखी फुटबॉल अथवा 100 m दूरी पर रखी फुटबॉल में से कौन बड़ी प्रतीत होती है?
उत्तर:
हमारे पास रखी फुटबॉल बड़ी प्रतीत होती है।

प्रश्न 4.
ऐल्फा सेण्टॉरी की पृथ्वी से दूरी लगभग, 40,000,000,000,000 km है। क्या आप इस दूरी को आसानी से पढ़ सकते हैं?
उत्तर:
नहीं, इसे आसानी से नहीं पढ़ा जा सकता है। इसे हम प्रकाश वर्ष में पढ़ेंगे।

प्रश्न 5.
यदि तारों का प्रकाश हमारे पास तक पहुँचने में वर्षों का समय लेता है तो तारों को देखते समय क्या हम अपने अतीत को देख रहे होते हैं?
उत्तर:
हाँ, तारों को देखते समय हम अपने अतीत को देख रहे होते हैं।

प्रश्न 6.
मैं यह जानना चाहता हूँ कि हम दिन के समय तारों को क्यों नहीं देख पाते। वे हमें रात में ही क्यों दिखाई देते हैं?
उत्तर:
वास्तव में दिन के समय भी आकाश में तारे होते हैं तथापि, उस समय सूर्य के तीव्र प्रकाश के कारण वे हमें दिखाई नहीं देते। रात को सूर्य के प्रकाश के न होने के कारण वे हमें रात में आसानी से दिखाई देते हैं।

प्रश्न 7.
आपको क्या पता चलता है? क्या आप आकाश में तारों की स्थितियों में कोई परिवर्तन होता हुआ पाते हैं?
उत्तर:
हाँ, हम आकाश में तारों की स्थितियों में परिवर्तन होता हुआ पाते हैं। हम देखते हैं कि तारे पूर्व से पश्चिम की ओर गति करते हुए प्रतीत होते हैं। कोई तारा जो सूर्यास्त होते ही पूर्व में उदय होता है। सामान्यतः सूर्योदय से पहले ही पश्चिम में अस्त हो जाता है।

प्रश्न 8.
तारे पूर्व से पश्चिम की ओर गति करते क्यों प्रतीत होते हैं?
उत्तर:
तारे पूर्व से पश्चिम की ओर गति करते इसलिए प्रतीत होते हैं क्योंकि पृथ्वी जिससे कि हम उन्हें देखते हैं, पृथ्वी अपनी अक्ष पर पश्चिम से पूर्व की ओर घूमती है।

प्रश्न 9.
यदि हमें तारे पूर्व से पश्चिम की ओर गमन करते प्रतीत होते हैं तो क्या इसका अर्थ है कि पृथ्वी पश्चिम से पूर्व दिशा में घूर्णन करती है?
उत्तर:
हाँ, इसका अर्थ यही है कि पृथ्वी पश्चिम से पूर्व दिशा में घूर्णन करती है।

क्रियाकलाप 17.4

प्रश्न 1.

कमरे में रखी वस्तुएँ किस दिशा में गति करती प्रतीत होती हैं?
उत्तर:
कमरे में रखी वस्तुएँ विपरीत दिशा में गति करती प्रतीत होती हैं।

प्रश्न 2.
क्या आप इन वस्तुओं को अपनी गति के विपरीत दिशा में गतिमान पाते हैं?
उत्तर:
हाँ, हम इन्हें अपनी गति के विपरीत दिशा में गतिमान पाते हैं।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 221

प्रश्न 1.
मेरे दादाजी ने मुझे बताया था कि आकाश में एक ऐसा तारा है जो एक ही स्थान पर स्थिर दिखाई देता है। यह कैसे सम्भव होता है?
उत्तर:
यदि कोई तारा जो पृथ्वी के अक्ष की दिशा में स्थित होता है। वह गति करता प्रतीत नहीं होता है।

क्रियाकलाप 17.5

प्रश्न 1.
क्या कोई ऐसा तारा है जो गति करता प्रतीत नहीं होता? यह तारा कहाँ स्थित है?
उत्तर:
हाँ, वह तारा जो छाते की केन्द्रीय छड़ की स्थिति पर है, वह तारा गति करता प्रतीत नहीं होता है।

प्रश्न 2.
यदि कोई तारा वहाँ स्थित होता जहाँ आकाश में पृथ्वी का अक्ष मिलता है, तो क्या वह तारा भी स्थिर होता?
उत्तर:
हाँ, यदि कोई तारा वहाँ स्थित होता जहाँ आकाश में पृथ्वी का अक्ष मिलता है, तो वह तारा भी स्थिर होता।

तारामण्डल

प्रश्न 1.
क्या कुछ तारे चित्र 17.2 (पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या 221) में दर्शाए अनुसार आकृतियों के समूह बनाए हुए हैं?
उत्तर:
हाँ, कुछ तारे चित्रानुसार विशेष आकृतियों के समूह बनाए हुए हैं।

पहचाने जाने योग्य आकृतियों वाले तारों के समूह को तारामण्डल कहते हैं।

क्रियाकलाप 17.6

प्रश्न 1.
कुछ घंटों तक तारामण्डल का प्रेक्षण कीजिए। क्या आप इसकी आकृति में कोई परिवर्तन देखते हैं? क्या आप इसकी स्थिति में कोई परिवर्तन देखते हैं?
उत्तर:
नहीं, हम तारामण्डल की आकृति में कोई परिवर्तन नहीं देखते। इसकी आकृति समान रहती है। हाँ इसकी स्थिति में परिवर्तन होता है। यह तारामण्डल पूर्व से पश्चिम की ओर गति करता प्रतीत होता है।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 222

प्रश्न 1.
मैंने सुना है कि हम सप्तर्षि की सहायता से ध्रुव तारे का स्थान निश्चित कर सकते हैं?
उत्तर:
हाँ, हम सप्तर्षि की सहायता से ध्रुव तारे का स्थान निश्चित कर सकते हैं। सप्तर्षि के सिरों के दो तारों के बीच की दूरी से लगभग पाँच गुना दूरी पर उत्तर की ओर ध्रुव तारा स्थित है।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 223

क्रियाकलाप 17.8

प्रश्न 1.
क्या सप्तर्षि पूर्व से पश्चिम की ओर गमन करता है?
उत्तर:
हाँ, यह पूर्व से पश्चिम की ओर गमन करता है।

प्रश्न 2.
क्या यह ध्रुव तारे की परिक्रमा करता दिखाई देता है?
उत्तर:
हाँ, यह ध्रुव तारे की परिक्रमा करता दिखाई देता है।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 224

सौर परिवार

प्रश्न 1.
मैंने तो यह पढ़ा था कि और सौर परिवार में नौ ग्रह हैं।
उत्तर:
नहीं, अब सौर परिवार में आठ ग्रह हैं। अब प्लूटो सौर परिवार का ग्रह नहीं है।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 225

प्रश्न 1.
क्या आप तारों तथा ग्रहों में भेद कर सकते हैं?
उत्तर:
हाँ, तारों तथा ग्रहों में भेद:

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 226

प्रश्न 1.
मैं यह जानना चाहता हूँ कि सूर्य की परिक्रमा करते समय ग्रहों की टक्कर क्यों नहीं होती?
उत्तर:
सूर्य की परिक्रमा करते समय ग्रहों की टक्कर इसलिए नहीं होती क्योंकि ग्रह की कक्षाएँ निश्चित होती हैं जिनमें वे सूर्य की परिक्रमा करते हैं।

प्रश्न 2.
पृथ्वी सूर्य की परिक्रमा करती है। क्या इस कारण से पृथ्वी सूर्य का उपग्रह है?
उत्तर:
पृथ्वी को सूर्य का उपग्रह कह सकते हैं। सामान्यतः हम इसे सूर्य का ग्रह कहते हैं। ग्रहों की परिक्रमा करने वाले पिण्डों को उपग्रह कहते हैं; जैसे-चन्द्रमा पृथ्वी का उपग्रह है।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 227

प्रश्न 1.
तब क्या इसका यह अर्थ हुआ कि शुक्र पर सूर्योदय पश्चिम में तथा सूर्यास्त पूर्व में होता होगा?
उत्तर:
नहीं, ऐसा नहीं होता। क्योंकि शुक्र ग्रह है और ग्रह सूर्य की परिक्रमा करते हैं।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 228

प्रश्न 1.
यदि मेरी आयु 13 वर्ष है तो मैंने सूर्य की कितनी परिक्रमा कर ली हैं?
उत्तर:
मैंने सूर्य की 13 परिक्रमाएँ कर ली हैं।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 229

प्रश्न 1.
बूझो को एक नटखट विचार आया। “यदि हम यह कल्पना करें कि शनि किसी विशाल जलकुण्ड में है तो वह उसमें तैरेगा।”

उत्तर:
हाँ, वह उस जलकुण्ड में तैरेगा क्योंकि वह जल से कम सघन है।

पाठ्य-पुस्तक पृष्ठ संख्या # 231

धूमकेतु

प्रश्न 1.
क्या आप बता सकते हैं कि अगली बार हैलेका धूमकेतु कब दिखाई देगा?
उत्तर:
हाँ, बता सकते हैं, अगली बार हैलेका धूमकेतु सन् 2062 में दिखाई देगा।

पाठान्त अभ्यास के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1-3 में सही उत्तर का चयन कीजिए

प्रश्न 1.
निम्नलिखित में से कौन सौर परिवार का सदस्य नहीं है?

  1. छुद्रग्रह।
  2. उपग्रह।
  3. तारामण्डल।
  4. धूमकेतु।

उत्तर:
तारामण्डल।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित में से कौन सूर्य का ग्रह नहीं है?

  1. सीरियस।
  2. बुध।
  3. शनि।
  4. पृथ्वी।

उत्तर:
सीरियस।

प्रश्न 3.
चन्द्रमा की कलाओं के घटने का कारण यह है कि –

  1. हम चन्द्रमा का केवल वह भाग ही देख सकते हैं जो हमारी ओर प्रकाश को परावर्तित करता है।
  2. हमारी चन्द्रमा से दूरी परिवर्तित होती रहती है।
  3. पृथ्वी की छाया चन्द्रमा के पृष्ठ के केवल कुछ भाग को ही ढकती है।
  4. चन्द्रमा के वायुमण्डल की मोटाई नियत नहीं है।

उत्तर:
हम चन्द्रमा का केवल वह भाग ही देख सकते हैं जो हमारी ओर प्रकाश को परावर्तित करता है।

प्रश्न 4.
रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए –

  1. सूर्य से सबसे अधिक दूरी वाला ग्रह …….. है।
  2. वर्ण के रक्ताभ प्रतीत होने वाला ग्रह …….. है।
  3. तारों के ऐसे समूह को जो कोई पैटर्न बनाता है …….. कहते हैं।
  4. ग्रह की परिक्रमा करने वाले खगोलीय पिण्ड को ……… कहते हैं।
  5. शूटिंग स्टार वास्तव में …….. नहीं है।
  6. क्षुद्रग्रह …….. तथा …….. कक्षाओं के बीच पाये जाते हैं।

उत्तर:

  1. नेप्ट्यून।
  2. मंगल।
  3. तारामण्डल।
  4. उपग्रह।
  5. तारा।
  6. मंगल, बृहस्पति।

प्रश्न 5.
निम्नलिखित कथनों पर सत्य (T) अथवा असत्य (F) अंकित कीजिए –

  1. ध्रुव तारा सौर परिवार का सदस्य है।
  2. बुध सौर परिवार का सबसे छोटा ग्रह है।
  3. यूरेनस सौर परिवार का दूरतम ग्रह है।
  4. INSAT एक कृत्रित उपग्रह है।
  5. हमारे सौर परिवार में नौ ग्रह हैं।
  6. ‘ओरॉयन’ तारामण्डल केवल दूरदर्शक द्वारा देखा जा सकता है।

उत्तर:

  1. असत्य।
  2. सत्य।
  3. असत्य।
  4. सत्य।
  5. असत्य।
  6. असत्य।

प्रश्न 6.
स्तम्भ I के शब्दों का स्तम्भ II के एक या अधिक पिण्ड या पिण्डों के समूह से उपयुक्त मिलान कीजिए –

उत्तर:
(क) → (e) पृथ्वी, (g) मंगल।
(ख) → (a) शनि।
(ग) → (c) सप्तर्षि, (f) ओरॉयन।
(घ) → (d) चन्द्रमा।

प्रश्न 7.
यदि शुक्र सांध्य तारे के रूप में दिखाई दे रहा है, तो आप इसे आकाश के किस भाग में पाएँगे?
उत्तर:
हम इसे पश्चिम भाग में पाएँगे।

प्रश्न 8.
सौर परिवार के सबसे बड़े ग्रह का नाम लिखिए।
उत्तर:
सौर परिवार का सबसे बड़ा ग्रह बृहस्पति है।

प्रश्न 9.
तारामण्डल क्या होता है? किन्हीं दो तारामण्डलों के नाम लिखिए।
उत्तर:
पहचाने जानने योग्य आकृतियों वाले तारों के समूह को तारामण्डल कहते हैं।
उदाहरण:
सप्तर्षि तारामण्डल, ओरॉयन आदि।

प्रश्न 10.
(i) सप्तर्षि तथा (ii) ओरॉयन तारामण्डल के प्रमुख तारों की आपेक्षिक स्थितियाँ दर्शाने के लिए आरेख खींचिए।
उत्तर:

प्रश्न 11.
ग्रहों के अतिरिक्त सौर परिवार के अन्य दो सदस्यों के नाम लिखिए।
उत्तर:

  1. उल्का।
  2. धूमकेतु।

प्रश्न 12.
व्याख्या कीजिए कि सप्तर्षि की सहायता से ध्रुव तारे की स्थिति आप कैसे ज्ञात करेंगे?
उत्तर:
सप्तर्षि के दो तारों से गुजरने वाली सरल रेखा को उत्तर दिशा में बढ़ाने पर यह एक ऐसे तारे तक पहुँचती है जो अधिक चमकीला है। यह तारा ही ध्रुव तारा है।

प्रश्न 13.
क्या आकाश में सभी तारे गति करते हैं? व्याख्या कीजिए।
उत्तर:
नहीं, आकाश में तारे गति नहीं करते हैं। परन्तु वे पूर्व से पश्चिम की ओर गति करते हुए प्रतीत होते हैं। क्योंकि पृथ्वी पश्चिम से पूर्व की ओर अपनी अक्ष पर गति करती है।

प्रश्न 14.
तारों के बीच की दूरी को प्रकाश वर्ष में क्यों व्यक्त करते हैं? इस कथन से क्या तात्पर्य है कि कोई तारा पृथ्वी से आठ प्रकाश वर्ष दूर है?
उत्तर:
तारों की दूरी बहुत अधिक है। इन दूरियों को किलोमीटर में व्यक्त नहीं कर सकते। इतनी अधिक दूरियों को लम्बाई के अन्य मात्रक प्रकाश वर्ष में व्यक्त करते हैं। यह प्रकाश द्वारा एक वर्ष में चली गई दूरी है। तारा पृथ्वी से आठ प्रकाश वर्ष दूर है। इसका अर्थ है कि यह दूरी 8 वर्ष में प्रकाश द्वारा चली गई दूरी है।

प्रश्न 15.
बृहस्पति की त्रिज्या पृथ्वी की त्रिज्या की 11 गुनी है। बृहस्पति तथा पृथ्वी के आयतनों का अनुपात परिकलित कीजिए। बृहस्पति में कितनी पृथ्वियाँ समा सकती हैं?
हल:

प्रश्न 16.
बूझो ने सौर परिवार का निम्नलिखित आरेख खींचा। क्या यह आरेख सही है? यदि नहीं तो इसे संशोधित कीजिए।

उत्तर:
यह आरेख सही नहीं है। सही आरेख के लिए यूरेनस ओर नेप्ट्यून की स्थिति आपस में बदलनी चाहिए। मंगल और शुक्र की स्थिति आपस में बदलनी चाहिए।

0:00
0:00

slot siteleri-sahabet-matadorbet-sweet bonanza-güvenilir casino siteleri-deneme bonusu veren siteler 2026-bahis siteleri-güvenilir bahis siteleri-aviator-slot siteleri-casino siteleri-deneme bonusu veren yeni siteler-yeni slot siteleri-matadorbet-sahabet-matadorbet-bahis siteleri-tipobet-sahabet-deneme bonusu veren yeni siteler-güvenilir bahis siteleri-onwin-tipobet-sweet bonanza-güvenilir bahis siteleri-sweet bonanza-aviator-casino siteleri-sweet bonanza-sweet bonanza-aviator-aviator-asyabahis-asyabahis-stake-betboo-betboo-youwin-youwin-superbahis-superbahis-oleybet-oleybet-1xbet-1xbet-artemisbet-artemisbet-limanbet-limanbet-piabellacasino-piabellacasino-baywin-mersobahis-mersobahis-almanbahis-almanbahis-meritbet-pincocasino-pincocasino-hitbet-hitbet-celtabet-celtabet-betano-betano-pusulabet-pusulabet-madridbet-madridbet-mariobet-betmatik-betmatik-betenerji-misty-misty-mostbet-mostbet-bettilt-bettilt-bahsegel-bahsegel-meritking-meritking-holiganbet-holiganbet-bet365-bets10-bets10-casibom-casibom-jojobet-jojobet-marbahis-marbahis-asyabahis-asyabahis-stake-stake-betboo-betboo-superbahis-superbahis-oleybet-oleybet-misli-misli-1xbet-artemisbet-artemisbet-limanbet-limanbet-piabellacasino-piabellacasino-baywin-baywin-mersobahis-mersobahis-almanbahis-almanbahis-pincocasino-pincocasino-hitbet-hitbet-celtabet-celtabet-betano-betano-pusulabet-madridbet-mariobet-mariobet-betmatik-betmatik-betenerji-misty-misty-mostbet-mostbet-bettilt-bahsegel-bahsegel-meritking-holiganbet-holiganbet-betturkey-betturkey-bet365-bet365-bets10-bets10-casibom-casibom-jojobet-jojobet-marsbahis-marsbahis-sweet bonanza-sweet bonanza-aviator-aviator-mariobet-güvenilir casino siteleri-aviator-aviator-aviator-bahis siteleri-bahis siteleri-bahis siteleri-casino siteleri-casino siteleri-casino siteleri-deneme bonusu-deneme bonusu-deneme bonusu-deneme bonusu veren siteler-deneme bonusu veren siteler-deneme bonusu veren siteler-deneme bonusu veren siteler 2026-deneme bonusu veren siteler 2026-deneme bonusu veren siteler 2026-deneme bonusu veren yeni siteler-deneme bonusu veren yeni siteler-deneme bonusu veren yeni siteler-güvenilir bahis siteleri-güvenilir bahis siteleri-güvenilir bahis siteleri-güvenilir casino siteleri-güvenilir casino siteleri-güvenilir casino siteleri-slot siteleri-slot siteleri-slot siteleri-sweet bonanza-sweet bonanza-sweet bonanza-yeni slot siteleri-yeni slot siteleri-yeni slot siteleri-stake-stake-asyabahis-asyabahis-betboo-betboo-youwin-superbahis-superbahis-oleybet-oleybet-misli-misli-1xbet-artemisbet-1xbet-artemisbet-limanbet-limanbet-piabellacasino-piabellacasino-baywin-mersobahis-mersobahis-almanbahis-almanbahis-meritbet-meritbet-pincocasino-pincocasino-hitbet-hitbet-celtabet-celtabet-betano-pusulabet-pusulabet-betenerji-betenerji-misty-misty-mostbet-mostbet-bettilt-bahsegel-bahsegel-meritking-meritking-holiganbet-holiganbet-bet365-bet365-bets10-casibom-casibom-jojobet-jojobet-marsbahis-marsbahis-enbet-enbet-enbet-enbet-enbet-enbet-deneme bonusu veren siteler-bet365-canlı casino siteleri-canlı casino siteleri-canlı bahis siteleri-gates of olympus-gates of olympus-kaçak iddaa-kaçak iddaa-kaçak bahis-yeni slot siteleri-yeni slot siteleri-sweet bonanza-sweet bonanza-slot siteleri-slot siteleri-güvenilir casino siteleri-güvenilir casino siteleri-güvenilir bahis siteleri-güvenilir bahis siteleri-deneme bonusu veren yeni siteler-deneme bonusu veren yeni siteler-deneme bonusu veren siteler 2026-deneme bonusu veren siteler-deneme bonusu veren siteler-deneme bonusu-deneme bonusu-casino siteleri-casino siteleri-bahis siteleri-aviator-aviator-enbet-yeni slot siteleri-yeni slot siteleri-sweet bonanza-sweet bonanza-slot siteleri-slot siteleri-kaçak iddaa-kaçak iddaa-kaçak bahis-kaçak bahis-güvenilir casino siteleri-güvenilir casino siteleri-güvenilir bahis siteleri-güvenilir bahis siteleri-gates of olympus-gates of olympus-deneme bonusu veren yeni siteler-deneme bonusu veren yeni siteler-deneme bonusu veren siteler 2026-deneme bonusu veren siteler 2026-deneme bonusu veren siteler-deneme bonusu veren siteler-deneme bonusu-deneme bonusu-casino siteleri-casino siteleri-canlı casino siteleri-canlı casino siteleri-canlı bahis siteleri-canlı bahis siteleri-bahis siteleri-bahis siteleri-aviator-aviator-